लखीमपुर खीरी। जिला अधिवक्ता संघ के चुनाव में जिले भर से आए 1550 मतदाता वकीलों ने बैलेट पर नई कार्यकारिणी का फैसला लिख दिया है। जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष राकेश शुक्ल ने बताया कि इस बार 90 प्रतिशत से अधिक वकीलों ने मताधिकार का प्रयोग किया है। मतपेटियों को सील मुहर कराकर डबल लॉक में सुरक्षित रखवाया गया है। मतगणना रविवार को सुबह साढ़े आठ बजे से होगी।
जिला अधिवक्ता संघ के प्रत्याशियों की मेहनत की परीक्षा शनिवार को दिखाई दी। अध्यक्ष पद के लिए पिछले चुनाव के रनर घनश्याम अग्निहोत्री अपने दमखम से चुनावी मुकाबले का केंद्र बन गए तो नए प्रत्याशी होने के बावजूद रमेश वर्मा जोरदार टक्कर देते हुए नजर आए जबरदस्त मुकाबला पेश कर रखा है, तो अवधेश सिंह भी अपने व्यक्तित्व और बेहतर नेटवर्क की बदौलत जीत के लिए सुनिश्चित दीख रहे हैं, चौथे प्रत्याशी के रूप में शिवचंद्र शाह भी अपनी विजय बता रहे हैं। महामंत्री पद की दौड़ में अश्वनी मिश्र, विजय प्रताप सिंह, मनोज जायसवाल और अजय पांडेय सहित राजेंद्र मिश्र, बिजनेश कुमार त्रिवेदी और विश्वपाल वर्मा भी मैदान में है, चुनावी फैसले को लेकर आश्वस्त नजर आ रहे हैं। वरिष्ठ उपाध्यक्ष के लिए राकेश शुक्ल और गिरीश चंद्र श्रीवास्तव तो कनिष्ठ उपाध्यक्ष के लिए रमेश कुमार मौर्य और संजीव बाजपेई कोषाध्यक्ष के लिए विजय कुमार राज और घनश्याम द्विवेदी के बीच सीधा मुकाबला हुआ है। वहीं संयुक्त मंत्री के तीन पदों के लिए रामनरायन बाजपेई, अमित त्रिपाठी, कुलवंत सिंह, संजय कुमार, और नवल किशोर श्रीवास्तव दिलचस्प मुकाबले में है।
पहली प्राथमिकता पर रही जातीय दलील
मतदान के दौरान कचहरी में समर्थक जातिगत आधार को मजबूती से पेश करते दिखाई दिए, वहीं सहानुभूति के आधार पर वोटिंग की प्राथमिकता दूसरे नंबर पर दिखी तो कार्यो के आधार पर अपने प्रत्याशी की स्थिति मजबूत बताने की दलीत तीसरी प्राथमिकता के रूप में दिखाई दी।
31 राउंड में होगी मतगणना
मुख्य चुनाव अधिकारी रामनरायन त्रिवेदी ने बताया कि 1706 वकीलों में से 1550 वकीलों ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया है, जिनकी गिनती सुबह साढ़े आठ बजे से शुरू होगी, मतगणना में 50-50 बैलेट के राउंड बनशए जायेंगे, इस तरह वोटों की गिनती 31 राउंड में पूरी की जाएगी, इस मध्य एक घंटे का लंच बे्रक भी रहेगा।
न्यायिक कार्यों से विरत रहे वकील
जिला अधिवक्ता संघ चुनाव के लिए शनिवार को वकील न्यायिक कार्यों से विरत रहे। लिहाजा दूर दराज से आए वादकारी अपने मुकदमों में अगली तारीख हासिल कर लौट गए।