छेड़छाड़ मामले में चार दिन बाद भी नहीं लिखी रिपोर्ट
लखीमपुर खीरी। महिला उत्पीड़न के मामले कोतवाली धौरहरा पुलिस के लिए कोई मायने नहीं रखते हैं। ऐसा ही एक मामला प्रकाश में आया है। छेड़छाड़ का विरोध करने पर पीड़िता और उसकी मां की आरोपियों ने जमकर पिटाई कर दी। दोनों को गंभीर चोटे भी आईं, लेकिन पुलिस ने चार दिन बाद भी न तो मामले की रिपोर्ट दर्ज की और न ही घायलों का मेडिकल परीक्षण कराया है।
कोतवाली धौरहरा क्षेत्र की एक पीड़िता ने बताया कि 26 सितंबर की सुबह करीब 11 बजे गांव का ही एक युवक घर में घुस आया। उसे अकेला पाकर छेड़छाड़ शुरू कर दी। तमंचे के बल पर दुष्कर्म करने का प्रयास किया। शोर मचाने पर उसकी (पीड़िता) की मां आ गईं। मां के शोर मचाने पर आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई। इस पर आरोपी तमंचा लहराता हुआ भाग निकला। इसी बीच आरोपी के परिवार के लोगों ने उसकी और उसकी मां की पिटाई शुरू कर दी और भाग निकले। हमलावरों की पिटाई से मां को गंभीर चोटे आईं और उनकी हालत अधिक खराब हो गई। उन्होंने घटना की सूचना यूपी 100 पुलिस और कोतवाली पुलिस को दी। कोतवाली जाकर पुलिस को तहरीर भी दी, लेकिन पुलिस ने न तो रिपोर्ट दर्ज की और न ही घायल मां का मेडिकल परीक्षण कराया। बुधवार को पीड़िता मां के साथ एसपी रामलाल वर्मा से मिली और रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की। इसके बाद भी कोतवाली पुलिस ने मामले की रिपोर्ट दर्ज की और न ही पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया है।