लखीमपुर खीरी। थाना मितौली क्षेत्र के गांव किरमानी से करीब ढाई साल से लापता 17 वर्षीय जगमोहन के मामले में पुलिस न तो गुमशुदगी दर्ज कर रही है और न ही उसे बरामद करने के कोई प्रयास किए हैं। घर वालों ने इसकी शिकायत मुख्यमंत्री से की थी। आरोप है कि शिकायत होने के पांच दिन बाद दो सिपाही घर आए और धमकाकर सादे कागज पर अंगूठा लगवाकर ले गए थे। परिवार वाले अधिकारियों के पास चक्कर काट रहे हैं।
गांव किरमानी निवासी नन्हालाल ने बताया कि पुत्र जगमोहन 10 दिसंबर की सुबह गांव से लापता हो गया। काफी तलाश के बाद भी उसका पता नहीं चला। तब से वह कई बार थाना पर पुत्र की गुमशुदगी दर्ज कराने गया, लेकिन पुलिस ने न तो गुमशुदगी दर्ज की और न ही बेटे को बरामद करने के कोई प्रयास किए। उसे पता चला है कि गांव के ही कुछ लोगों ने पुत्र को दिल्ली में ले जाकर बेच दिया है। गांव के ही एक व्यक्ति ने ग्रामीणों के सामने जगमोहन को साथ ले जाने की बात स्वीकार भी की है, जिसकी रिकार्डिंग भी मौजूद है। इस पर उसने फिर पुलिस को तहरीर दी, लेकिन पुलिस उसे टरका रही है। पखवाड़े भर पहले उसने मुख्यमंत्री सहित अन्य अधिकारियों को शिकायती पत्र भेजा था। इसके पांच दिन बाद दो सिपाही घर आए और धमकाकर सादे कागज पर अंगूठा लगवाकर ले गए थे। परिवार वालों ने एसपी से गुमशुदगी दर्ज कर पुत्र को बरामद कराने की मांग की है। एसपी ने एसओ मितौली को कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। संवाद