लखीमपुर खीरी। वीडीओ त्रिवेंद्र कुमार के आत्महत्या करने के मामले में नामजद अभियुक्त भाकियू (लोकतांत्रिक) का नेता प्रदीप शुक्ला उर्फ श्यामू एक और मामले में फंस गया है। पच्चीस हजार का इनामी घोषित हुए प्रदीप की एक ऑडियो क्लिप सोशल मीडिया पर वायरल हुई है। इसमें वह धान क्रय केंद्र के प्रभारी को डरा-धमका रहा हैं। इससे भाकियू नेता की मुश्किलें बढ़ना तय माना जा रहा है। जबकि कुछ दिन पहले भाकियू के मीडिया प्रभारी विकास शुक्ला के ऑडियो क्लिप वायरल हुए थे।
वीडीओ त्रिवेंद्र कुमार की मौत मामले से चर्चित हुए भाकियू नेताओं के कई राज बेपर्दा होने लगे हैं। किसानों के लिए संघर्ष की आड़ में अपनी जेबें भरने के खेल सामने आ रहे हैं। कुछ सालों में धरना-प्रदर्शन करके इन नेताओं ने अच्छी-खासी संपत्ति बना ली है, जिसकी लोगबाग चर्चा करने लगे हैं। वायरल आडियो क्लिप में भाकियू नेता प्रदीप शुक्ला एक केंद्र प्रभारी से एक लाख रुपये की डिमांड कर रहे हैं। इस पर केंद्र प्रभारी असमर्थता जताते हैैं और प्रति क्विंटल के हिसाब से रुपये देने पर राजी होते हैैं। तो भाकियू नेता धमकाने के अंदाज में कहता है कि तुम हमसे सब कुछ स्पष्ट सुनना चाहते हो। तुम जो कर रहे हो। इसके बाद भाकियू नेता कहते हैं कि जल्द ही एसडीएम जेल जाएंगे। बीडीओ के खिलाफ एफआईआर दर्ज करा चुका हूं। साथ ही भाकियू नेता कहते हैं कि मैगलगंज गन्ना समिति के सचिव को हटवा दिया। पीसीएफ के दो केंद्र प्रभारियों को निलंबित करा दिया था। एडीसीओ उमाशंकर को आठ घंटे बंधक बनाने और डीएम के कहने पर छोड़ने की बात बताते हुए भाकियू नेता लोगों पर रौब गालिब करता है।
तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें रवाना
वीडीओ की मौत के जिम्मेदार भाकियू (लोकतांत्रिक) के प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह चौहान, प्रदीप शुक्ला उर्फ श्यामू और मीडिया प्रभारी विकास शुक्ला की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लखनऊ रवाना की गई हैं। एक दिन पहले शनिवार को एसपी ने तीनों आरोपियों पर 25-25 हजार रुपये इनाम घोषित किया था। सीओ सिटी विजय आनंद ने बताया कि फेसबुक पर आरोपियों ने अयोध्या की फोटो पोस्ट की थी, जो जांच में तीन दिन पुरानी निकली हैं। लखनऊ के आसपास लोकेशन ट्रेस हुई है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।