गोला गोकर्णनाथ। कोरोना संक्रमण का खतरा दिन प्रतिदिन गहराता जा रहा है। शासन-प्रशासन नागरिकों की सुरक्षा के लिए संवेदनशील और चिंतित है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 22 मार्च को सुबह सात बजे से रात नौ बजे तक जनता कर्फ्यू में सहयोग के लिए देशवासियों से आग्रह किया है। जिसके चलते नगर के पौराणिक शिव मंदिर के कपाट भी 14 घंटे तक बंद रहेंगे।
कोरोना वायरस का डर लोगों में नजर आ रहा है। बाजार में भी सन्नाटा दिखने लगा है लोग मुंह पर मास्क लगाकर काम निपटाते दिखे। कोरोना का खौफ शिव भक्तों में भी देखने को मिला। शनिवार को शिव भक्त मुंह को मास्क से ढके हाथों में पूजा की थाली लिए ओम नम: शिवाय का स्त्रोत जपते हुए गर्भ गृह के द्वार पर लाइन में लगे दिखे। शिव भक्तों ने भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक कर कोरोना जैसी महामारी से मानव रक्षा की प्रार्थना की।
कांवड़िए भी नहीं कर पाएंगे शिव पूजा
पौराणिक शिव मंदिर कमेटी अध्यक्ष जनार्दन गिरि ने बताया कि कोरोना वायरस का खतरा बढ़ता जा रहा है। प्रधानमंत्री ने 22 मार्च को जनता कर्फ्यू में सहयोग करने के लिए नागरिकों से अपील की है। उसी क्रम में शिव मंदिर के कपाट सुबह 4.45 पर खुलेंगे। साफ सफाई, पूजन, आरती के साथ सुबह छह बजे मंदिर के कपाट बंद हो जाएंगे। रात नौ बजे भगवान शिव के शृंगार के समय कपाट खोले जाएंगे।
आज भक्तों के लिए बंद रहेगा मां का दरबार
लखीमपुर खीरी में जनता कर्फ्यू के दौरान शहर का प्राचीन मां संकटा देवी मंदिर बंद रहेगा। पुजारी अंकुर शुक्ला ने बताया कि रोजाना की तरह सुबह मां का पूजन और भोग लगेगा। भक्तों का प्रवेश वर्जित होगा। पुजारी का कहना है कि सुरक्षा को लेकर श्रद्धालु जागरूक हैं। मंदिर में भीड़ न लगाएं। मंदिर के कपाट आज सुबह सात से रात नौ बजे तक बंद रहेंगे।