तिकुनियां। नेपाल से दो दिन पहले लौटी पत्नी और बच्चों के संपर्क में आए उसके पति को खांसी, जुकाम और बुखार आने लगा। लोगों को जब जानकारी हुई तो उनमें कोरोना संक्रमण की आशंका से हड़कंप मच गया। युवक को होम क्वारंटीन किया गया है। रविवार को उसे जांच के लिए निघासन सीएचसी भेजा जाएगा। डॉक्टर के मुताबिक व्यक्ति टीबी का मरीज है।
कस्बा निवासी 48 वर्षीय मजदूर की पत्नी और बच्चे नेपाल में भट्ठे पर काम करते थे। दो दिन पहले प्राइवेट बस से वह लोग अन्य मजदूरों के साथ वह वापस लौटे थे। पति पत्नी और बच्चों को लेने तिकुनियां प्राइवेट बस अड्डा आया था, लेकिन प्रशासन ने सभी प्रवासी मजदूरों को लखीमपुर जिला अस्पताल भेज दिया। इस पर युवक पत्नी और बच्चों की बैग आदि सामान लेकर घर लौट आया था। उसी दिन से उसे खांसी, जुखाम और बुखार आने लगा। शनिवार को जब आसपास के लोगों को इसकी जानकारी हुई तो उनमें हड़कंप मच गया। उन्होंने उसे जांच कराने की सलाह दी। मोहल्ले वालों की सूचना पर प्रभारी निरीक्षक हनुमान प्रसाद मौके पर पहुंचे। उसे घर में क्वारंटीन रहने के निर्देश दिए। आशा वर्कर की रिपोर्ट पर पीएचसी डॉ. अरविंद पटेल ने इसकी सूचना अफसरों को दी है। डॉ. अरविंद पटेल ने बताया कि राजेश पहले से टीबी का मरीज है। वह छह महीने का कोर्स पूरा कर चुका है। टीबी मरीज को बुखार और खांसी आ सकती है, लेकिन एहतियातन उसे जांच के लिए रविवार को मोबाइल जांच टीम के पास निघासन भेजा जाएगा। उसकी पत्नी अभी लखीमपुर में है।
कस्बे में टहल रहे हैं तमाम होम क्वारंटीन
बाहर से आए प्रवासी मजदूरों को प्रशासन ने होम क्वारंटीन तो करा दिया, लेकिन ये मजदूर अपने घर पर नहीं रुक रहे हैं। बाजारों, कस्बों में अक्सर रोजाना टहलते दिखाई देते हैं। ऐसे में कोरोना को लेकर अन्य लोगों में संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ गया है।