मोहम्मदी। 10 फरवरी को हुए कंपाउंडर रामबरन हत्याकांड का पुलिस ने मंगलवार को खुलासा कर दिया। पुलिस ने बताया कि हत्या प्रेमप्रसंग के चलते हुई थी। इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
10 फरवरी को महमदपुर कामी निवासी कंपाउंडर रामबरन यादव की घर जाते समय गला रेत कर हत्या कर दी गई थी। 11 फरवरी की सुबह खून से लतपथ शव बरामद हुआ था। दो-तीन उंगलियों से नाखून भी खिंचे मिले थे। पोस्टमार्टम में गला रेतकर हत्या किए जाने की बात सामने आई थी। पुलिस शुरुआती दौर से ही मामला प्रेम प्रसंग का मान रही थी और सर्विलांस की मदद ले रही थी। जांच के दौरान शक की सुई पुवायां के मजरा गुदनी निवासी मनोज और कोतवाली मोहम्मदी के गांव लौकी खेड़ा निवासी पंकज राज पर टिक गई। पुलिस ने दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो मामले का खुलासा हो सका।
हत्यारोपी मनोज के मुताबिक, वह कई महीनों से अपने एक रिश्तेदार के घर रहता था, जहां पर परिवार की एक लड़की के साथ प्रेमप्रसंग हो गया। इधर, कुछ समय के लिए मनोज नौकरी करने के लिए विदेश चला गया था। जब लौट कर आया तो उक्त युवती का प्रेस प्रसंग रामबरन के साथ होने की बात पता चली। इससे मनोज आक्रोशित हाे गया और अपने रिश्तेदार के साथ रामबरन की हत्या करने की साजिश रची।
मनोज ने अपने रिश्तेदार पंकज राज के साथ मिलकर रामबरन की गला रेतकर हत्या कर दी थी और मौके से फरार हो गए थे। प्रभारी निरीक्षक चंद्रशेखर सिह ने बताया कि दोनों आरोपियों को आलाकत्ल के साथ गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया वहां से उन्हें जेल भेजा जा रहा है।