लखीमपुर खीरी। घना कोहरा गिरने की शुरुआत हो चुकी है, जिससे सड़कों पर निकलने वाले यात्रियों/राहगीरों के लिए खतरा बढ़ गया है। खासकर सड़क पर आम दिनों में फर्राटा भरने वाले युवा चालकों के लिए खतरा सबसे ज्यादा हैै, क्योंकि दृश्यता कम होने से सड़क पर 10 मीटर दूर के वाहनों का अंदाजा लगाना मुश्किल हो रहा है। वहीं वाहनों की लाइट भी कोहरे के आगे फीकी साबित हो रही है। ऐसे में बेहद सावधानी के साथ वाहन चलाने की जरूरत है। गन्ना सीजन चालू होने के कारण गन्ना भरी टै्रक्टर ट्रॉलियां और बैलगाड़ियां भी हादसे का कारण बन सकती हैं, क्योंकि इनमें बैक लाइट नहीं होती और न ही रिफ्लेक्टर लगाए गए हैं। इससे रात और सुबह के समय सबसे ज्यादा दुर्घटना का खतरा रहता है।
सड़क दुर्घटनाओं के कारणों में सबसे प्रमुख कारण वाहनों के तेज रफ्तार में चलना होता है तो कोहरे की वजह से भी सबसे ज्यादा हादसे होते है। कोहरे में वाहनों की तेज रफ्तार और भी घातक बन जाती है। सामने से आ रहे वाहनों का पता जब तक चलता है, तब तक बहुत देर हो चुकी होती है। खासकर गन्ना सीजन में ट्रैक्टर ट्रॉलियां और बैलगाड़ियां सबसे ज्यादा परेशानी का सबब बनती हैं, क्योंकि इनमें बैक लाइट नहीं होती और ज्यादातर में रिफ्लेक्टर भी नहीं लगे होते। दूसरी ओर सड़कों पर रेडियम वाले संकेतक नहीं लगे हैं और सड़क के किनारे डाली जाने वाली सफेद पट्टी भी कहीं-कहीं डाली गई है।
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रोड सेफ्टी की बैठकों में डीएम द्वारा सभी चीनी मिलों के प्रतिनिधियों को ट्रैक्टर ट्रॉलियों, बैलगाड़ियों और ट्रकों में रिफ्लेक्टर लगवाने के निर्देश दिए जा चुके हैं। अब वाहनों की जांच की जा रही है। जो भी वाहन बिना रिफ्लेक्टर के मिलेंगे, उनका चालान किया जाएगा। सीटबेल्ट और हेलमेट की चेकिंग कराई जा रही है, जिसमें बुधवार को 110 लोगों के वाहनों का चालान किया गया। वाहन चालकों से अपील है कि कोहरे में वाहनों की गति धीमी रखें और लाइट का प्रयोग करें।
-रमेश कुमार चौबे, एआरटीओ प्रवर्तन
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कोहरे के कारण रोडवेज बस पलटी, बाल बाल बचे यात्री
पिपरिया धनी। गोमती मोड़ पर रेडियम संकेतक न लगे होने से सुबह छह बजे घने कोहरे के कारण रोडवेज बस पलट गई, जिसमें 30 यात्री सवार थे। गति धीमी होने से हादसे में किसी भी यात्री, बस ड्राइवर, कंडक्टर को चोट नहीं आई।
गोला डिपो की बस गोला से सुबह पांच बजे दिल्ली जा रही थी। कोहरा घना होने के कारण चालक को सामने कुछ दिखाई नहीं दिया। यहां रेडियम संकेतक भी नहीं लगे हैं। चालक गाड़ी को सीधा चलाता रह और पता ही नहीं चला कि कब गाड़ी खाई की तरफ पहुंच गई। चालक सतनाम सिंह ने बताया कि सभी यात्रियों को दूसरी बसों से भेजने का प्रबंध किया गया। बस पलटने के कुछ मिनट बाद ही मोहम्मदी की ओर से आ रहा ट्रक भी सड़क से नीचे उतर गया। हालांकि ट्रक पलटा नहीं। कंडक्टर निर्मल कुमार ने बताया कि किस्मत अच्छी थी कि यात्रियों को चोट नहीं आई, लेकिन प्रशासन को ध्यान देना चाहिए। यहां बता दें गोला-मोहम्मदी मार्ग पर हाईवे निर्माण का कार्य भी चल रहा है। संवाद