लखीमपुर खीरी। हैदराबाद, दिल्ली सहित अन्य राज्यों में टेरर फंडिंग मामलों के पहले भी खुलासे हो चुके हैं। तब एनआईए ने इन राज्यों में स्थानीय स्तर पर काम करने वाले सरगना के संपर्क पाकिस्तान, सीरिया और अफगानिस्तान में बैठे हैंडलर से होना पाया था। अब नेपाल बॉर्डर पर यहां पकड़े गए टेरर फंडिंग गिरोह का कनेक्शन भी पाकिस्तान व दूसरे देशों में बैठे हैंडलरों से होने की आशंका बढ़ गई है।
नजदीक के जिला बहराइच के अलावा गोरखपुर में इससे पहले पकड़े टेरर फंडिंग गिरोह में शामिल लोगों के कनेक्शन अंतरारष्ट्रीय माड्यूल्स से जुड़े मिल चुके हैं। इन दोनों जगहों पर काम करने वाले सरगना भी विदेशी थे। उनके संबंध अफगानिस्तान, सीरिया, पाकिस्तान, कनाडा और आस्ट्रेलिया में बैठे हैंडलरों से होने के पुख्ता सबूत भी हाथ लगे थे। हैंडलर के निर्देशों के मुताबिक ही वे सारा काम करते थे। गिरोह के सदस्य कोतवाली तिकुनियां क्षेत्र की नेपाल बॉडर्र सीमा से टेरर फंडिंग कर रहे थे। खुफिया एजेंसियों ने इस स्थानीय गिरोह के सरगना मुमताज का कनेक्शन अंतरराष्ट्रीय माड्यूल्स से होने की प्रबल आशंका जताई है।