ब्लाक सभागार में डीएम किंजल सिंह ने राज्य पोषण मिशन के तहत गोद ली ब्लाक की ग्राम पंचायत ग्रंट नंबर 10 की महिलाओं से रूबरू हुईं। इस मौके पर उन्होंने मौजूद धात्री महिलाओं से नौनिहालों को कुपोषण से निजात दिलाने के गुर बताए। साथ ही कहा कि कि नवजात शिशुओं के लिए मां का दूध अमृत है।
उन्होंने बताया कि कुपोषण कोई बीमारी नहीं है, इससे घबराने की जरूरत नहीं। पौष्टिक आहार और नियमित इलाज से इस बीमारी पर काबू पाया जा सकता है। उन्होंने वहां लगे ग्रोथ चार्ट में माताओं को उम्र के मुताबिक वजन आदि की जानकारी दी। साथ ही गर्भवती महिलाओं को स्वस्थ रहने के टिप्स दिए। इस मौके पर एसडीएम गोला विनोद कुमार गुप्ता, बीडीओ भूषण कुमार, कृष्ण मोहन श्रीवास्तव, एसीएमओ डॉ. बलबीर सिंह, अधीक्षक डॉ. रोहित पाठक, डॉ. गौरव खन्ना, डॉ. शिवेंद्र अवस्थी, एसओ मैलानी आशुतोष मिश्र, सीडीपीओ मोहिनी सिंह, आंगनबाड़ी सुपरवाइजर ललिता वाजपेयी, एएनएम चंद्रप्रभा सहित आंगनबाड़ी कार्यकत्री सहित बच्चे और महिलाएं मौजूद रहे।
डीएम ने सुपरवाइजर की थपथपाई पीठ
डीएम ने कुपोषित बच्चों की समीक्षा के बाद पाया कि पंचायत ग्रंट नंबर 10 में 22 कुपोषित बच्चों को नियमित इलाज के बाद सात बच्चे स्वस्थ पाए गए। इसको लेकर उन्होंने आंगनबाड़ी सुपरवाइजर ललिता वाजपेयी की पीठ थपथपाई।