दो लाख रुपये या उससे अधिक के आभूषणों की खरीद पर पैन नंबर की अनिवार्यता के खिलाफ सराफा कारोबार बुधवार को पूरी तरह बंद रहा। सराफा कारोबारियों ने इसे अव्यवहारिक बताते हुए सांसद अजय मिश्र टेनी को एक ज्ञापन सौंपा।
लखीमपुर खीरी सराफा वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष अनिल कुमार के मुताबिक बंदी शत प्रतिशत कामयाब रही है। सराफा कारोबारियों की इस हड़ताल से जिले में करीब चार करोड़ का कारोबार ठप रहा।
उत्तर प्रदेश सराफा एसोसिएशन के आह्वान पर राष्ट्रव्यापी हड़ताल के तहत जिले में लखीमपुर खीरी सराफा वेलफेयर एसोसिएशन के बैनर तले जिले भर के सराफा कारोबारियों ने बुधवार को अपना व्यवसाय बंद रखा। अपने प्रतिष्ठानों को बंद कर शहर के सराफा कारोबारी बाजार में इकट्ठे हुए और बैठक कर दो लाख या उससे अधिक के आभूषणों की खरीद पर पैन कार्ड की अनिवार्यता पर अपना विरोध जताया।
सराफा वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष अनिल गुप्ता ने कहा कि दो लाख रुपये या इससे अधिक के आभूषणों की खरीद पर पैन कार्ड की अनिवार्यता अव्यवहारिक है। भारत एक कृषि प्रधान देश है। कृषि उत्पादन से होने वाली आयकर मुक्त है। 60 करोड़ से अधिक लोग कृषि कार्य से जुड़े हैं। ऐसी स्थिति में किसान के पास पैन कार्ड होना जरूरी नहीं है। किसान अपने पारिवारिक, मांगलिक कार्यक्रमों के लिए जेवर खरीदने में पैन कार्ड उपलब्ध नहीं करा सकता। देश में महिलाएं अपनी छोटी-छोटी बचत करके अपने बच्चों के भविष्य के लिए जेवर खरीदती हैं। उनके पास पैन कार्ड होना जरूरी नहीं है। देश में करीब 14 करोड़ लोग ही पैन कार्ड धारक हैं। यह आबादी का मात्र 11 प्रतिशत है। ऐसे में लोग कहां से पैन कार्ड दे पाएंगे।
बैठक के बाद सराफा कारोबारी जुलूस के रूप में शहर भ्रमण करते हुए सांसद अजय कुमार मिश्र टेनी के संसदीय कार्यालय पहुंचे और सांसद को अपनी मांगों से संबधित ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कहा गया कि पैन कार्ड की उपयोगिता से अनभिज्ञ ग्रामीण अंचल के सराफा व्यापारियों का प्रशासनिक अधिकारी शोषण शुरू कर देंगे। उन्होंने मांग की कि सोना बहुमूल्य धातु है और स्वर्णाभूषण सामाजिक और वैवाहिक कार्यक्रमों का मुख्य अंग है। सोने पर दो लाख की खरीद पर पैन कार्ड की अनिवार्यता का नियम वापस लिया जाए।
हड़ताल के कारण सराफा दुकानों पर ताला लटका रहा। शादी विवाह का सीजन होने के बावजूद लोग हड़ताल के कारण आभूषणों की खरीदारी नहीं कर सके। सराफा कारोबारियों की बंदी के कारण जिले भर में करीब चार करोड़ का सराफा व्यवसाय प्रभावित हुआ है।
मोहम्मदी। राष्ट्रीय सराफा कमेटी के आह्वान पर कस्बे के सराफा एसोसिएशन ने पूर्ण बंदी रखकर केंद्रीय वित्तमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर अध्यक्ष कामद कुमार रस्तोगी, महामंत्री धीरेंद्र नाथ गुप्ता, कोषाध्यक्ष रामजी गुप्ता, उत्तम कुमार गुप्ता, गौरव रस्तोगी, आशुतोष रस्तोगी, विशाल गुप्ता, महेंद्र राठौर, वैभव कुमार रस्तोगी, अंकित मेहरोत्रा, आकाश मेहरोत्रा, सुशील चंद्र वर्मा, संजय मेहरोत्रा, पुनीत खन्ना, अजय कुमार मिश्रा, अतुल रस्तोगी, अंगद रस्तोगी, संजेश रस्तोगी, सुशील कुमार गुप्ता, जितेंद्र कुमार आदि सराफा व्यापारी मौजूद रहे।