फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Lakhimpur Kheri News: शारदा में समाया बरमबाबा का पेड़-चबूतरा, बेलहा सिकटिहा गांव के दस घर खाली कराए

विज्ञापन
निरीक्षण करते एसडीएम गोला व बाढ़खंड के अधिशासी अभियंता। संवाद
विज्ञापन
बिजुआ। शारदा नदी की भूमि कटान रफ्तार ने पहले देवी मंदिर समा लिया। मंगलवार सुबह बरमबाबा का पेड़ और चबूतरा भी नदी में समा गया। इससे बेलहा सिकटिहा के ग्रामीण दहशत में हैं। नदी के नजदीक दस घरों को ग्रामीणों ने खाली करा दिया है। ग्रामीण सामान लेकर ऊंचे स्थानों पर चले गए हैं। कटान को रोकने के लिए उपाय नहीं किए गए तो नदी में मकान भी समाने लगेंगे।
विज्ञापन

सोमवार को शारदा नदी में महज चार घंटे में देवी मंदिर समा गया था। इसके पड़ोस में लगभग 20 मीटर दूर स्थित बरमबाबा का स्थान था, जहां एक पेड़ और उसके चारों तरफ चबूतरा बना था। मंगलवार सुबह नदी ने कटान तेज किया तो बरमबाबा स्थान भी नदी में समा गया। इससे ग्रामीण काफी डरे हैं। गांव के किनारे रहने वाले लोग कटान के डर से अपने-अपने घरों का सामान लेकर सुरक्षित स्थानों की ओर चले गए हैं। राम स्वस्व, सुमित, जय प्रकाश, शैलेंद्र राज, छोटेलाल आदि ने अपने मकान खाली कर दिए हैं।
मंगलवार को अधिकारियों ने मौके पर जाकर निरीक्षण किया। इसमें एसडीएम गोला विनोद कुमार गुप्ता व बाढ़ खंड के अधिशासी अभियंता अजय कुमार ने मौके पर पहुंचे। वहीं, बाढ़ खंड के जेई हरीश वर्मा ने बताया कि बोरियों में मिट्टी भरकर नदी में डालकर बांस लगाकर तथा पेड़ों की डालें लगाकर धारा को मोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
विज्ञापन

वहीं एसडीएम गोला विनोद कुमार गुप्ता ने बताया कि जिलाधिकारी के आदेशानुसार बेलहा सिकटिहा में कटान स्थल की निरीक्षण बाढ़ खंड के अधिशासी अभियंता व उनके द्वारा संयुक्त रूप से करने के बाद बाढ़ राहत किटों का वितरण शुरू कर दिया है। कटान रोधी सामग्री कटान स्थल पर पहुंचने लगी है।


नदी में समाया देवी मंदिर... डीएम ने दौड़ाए अफसर
बिजुआ। बेलहा सिकटिहा में ‘देखते ही देखते नदी में समा गया देवी मंदिर’ शीर्षक से अमर उजाला में समाचार प्रकाशित होने के बाद जिलाधिकारी दुर्गा शक्ति नागपाल ने एसडीएम और बाढ़ खंड के कई अफसरों को मौके पर भेजा।
पहले एसडीएम गोला विनोद कुमार गुप्ता ने मौके पर पहुंचकर बाढ़ खंड के लोगों को कटान से अवगत कराया। आनन-फानन में बाढ़ खंड के एक्सईएन अजय कुमार,जेई, हरीश वर्मा ने मौके पर पहुंच कर कटानस्थल का निरीक्षण किया और कटान रोकने तथा गांव को बचाने का प्रयास शुरू कर दिया है। एसडीएम विनोद कुमार गुप्ता ने कटान स्थल पर तत्काल आवश्यक सामग्री भिजवाने तथा बचाव कार्य तुरंत शुरू करने का आदेश दिया। उन्होंने बताया कि कटान बचाव सामग्री शाम तक हर हाल में पहुंच जाएगी। एसडीएम अपने साथ 250 बाढ़ राहत किटें लेकर गए थे, जिनका तत्काल वितरण शुरू करया। लेखपाल अमन सत्यार्थी से बाढ़ पीड़ितों के लिए हर संभव प्रयास शुरू कर दिए हैं। संवाद


बदबू और चिलचिलाती धूप से परेशान हुए बाढ़ पीड़ित
निघासन। क्षेत्र में आई बाढ़ के चलते बदबू और चिलचिलाती धूप से बाढ़ पीड़ित परेशान हैं। गंदगी के चलते लोगों को सांस लेना मुश्किल है। क्षेत्र में मोहना, शारदा और सरयू नदी से आई बाढ़ आने के बाद पानी तो सूख गया है, लेकिन बदबू आदि से लोगों को सांस लेने में समस्या आ रही है। बाढ़ पीड़ित महेश, जगमोहन, सुखदेव आदि ने बताया कि कीचड़ से लोग काफी परेशान है। बाढ़ में बहकर आया कूड़ा सड़ गया है, जिससे उसमें से दुर्गंध पैदा हो रही है। सड़क किनारे तिरपाल आदि डालकर रह रहे बाढ़ पीड़ित ऊपर से धूप और नीचे तपती सड़क पर रहने को मजबूर है। संवाद

निरीक्षण करते एसडीएम गोला व बाढ़खंड के अधिशासी अभियंता। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें