पुलिस की मौजूदगी में कर्मचारियों से बात करते हुए अधीक्षण अभियंता। संवाद
लखीमपुर खीरी। अधीक्षण अभियंता की प्रताड़ना से टीजी-2 कर्मचारी रामगोपाल की मौत होने का आरोप लगाते हुए तीन दिनों से विद्युत कर्मी धरने पर थे। सर्किल कार्यालय में सोमवार को पुलिस की मौजूदगी में अधीक्षण अभियंता पहुंचे और कर्मचारियों के साथ बैठक की। कई बिंदुओं पर सहमति बनने के बाद धरना खत्म हो गया।
पुलिस की मौजूदगी में सोमवार सुबह अधीक्षण अभियंता ब्रह्मपाल अपने कार्यालय पहुंचे। उन्होंने कर्मचारियों से कहा कि पांच लोग दफ्तर में आएं और अपनी बात रखें लेकिन कर्मचारी उनके दफ्तर नहीं गए। बाद में अधीक्षण अभियंता मितौली व लखीमपुर डिविजन के अधिशासी अभियंता के साथ कर्मचारियों से मिलने खुद ही बाहर आए।
कर्मचारियों ने उन पर दबाव के साथ काम कराने व बातचीत का तरीका भी उचित न होना बताया। इस पर अधीक्षण अभियंता ने कहा कि काम तो करना होगा। बात बोलचाल की है तो वह पश्चिम से हैं। धीरे-धीरे सुधार हो जाएगा। सिर्फ काम करना उद्देश्य है न कि परेशान करना। इसके बाद अधीक्षण अभियंता ने पुलिस की मौजूदगी में पांच लोगों को अपने कार्यालय बुलाया। इस दौरान कुछ बिंदुओं पर सहमति बनी। साथ ही कैंडल मार्च स्थगित कर स्व. रामगोपाल को श्रद्धांजलि दी गई।
कर्मचारियों की ये हैं मांगें
कर्मचारियों ने मांग की है कि कार्य के घंटे निर्धारित किए जाएं। कोई टाइपिस्ट न देने, सार्वजनिक अवकाश के दिन कार्य करने के बदले सप्ताह में अवकाश देने, बदले की भावना से किसी कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई न करने, कार्य व्यवहार में सुधार लाने, महीने में एक बैठक कर्मचारियों के साथ करने पर सहमति बनी।