संपूर्णानगर। वन रेंज क्षेत्र के गांवों में हिंसक वन्यजीवों के बढ़ते हमलों से ग्रामीणों की रातें काली हो रही हैं। सिंगाही बीट के मुरारखेड़ा में एक ही दिन में दो पशुओं को निवाला बनाने के बाद अब बालपुर बीट के मिर्चिया गांव में भी बाघ ने दस्तक दे दी है। हमलों से आक्रोशित ग्रामीणों के दबाव के बाद वन विभाग ने मुरारखेड़ा में पिंजरा लगा दिया है।
मुरारखेड़ा गांव के किसान अमरीक सिंह के घर में घुसकर किसी हिंसक वन्यजीव (संभावित तेंदुआ) ने एक ही दिन में दो बार हमला किया। शिकारी जानवर ने सुबह बछिया और शाम को बछड़े को अपना निवाला बना डाला। घर के भीतर बंधे जानवरों पर हुए इस हमले से ग्रामीणों में वन विभाग के खिलाफ भारी आक्रोश देखा गया। सूचना पर पहुंची टीम को शुरुआत में ग्रामीणों की नाराजगी का सामना करना पड़ा। इसके बाद विभाग ने तत्परता दिखाते हुए गांव में पिंजरा और निगरानी के लिए कैमरे लगाए।
अभी मुरारखेड़ा का मामला शांत भी नहीं हुआ था कि बृहस्पतिवार को बालपुर बीट के ग्राम मिर्चिया में बाघ द्वारा एक गाय को घायल करने की सूचना से हड़कंप मच गया। क्षेत्रीय वन अधिकारी ललित कुमार ने टीम के साथ मौके पर पहुंचकर पदचिह्नों को देखा और ग्रामीणों को सतर्क रहने की हिदायत दी। वन विभाग की टीम लगातार लाउडस्पीकर और जनसंपर्क के माध्यम से लोगों को समूह में निकलने और अंधेरे में सावधानी बरतने के लिए जागरूक कर रही है।
रेंजर ललित कुमार ने वन दरोगा सदन लाल, शमशेर सिंह और राहुल सहित अन्य वनकर्मियों के साथ मुरारखेड़ा में लगे पिंजरे का जायजा लिया और स्टाफ को मुस्तैद रहने के निर्देश दिए। वन टीम ने पीड़ित अमरीक सिंह के साथ क्षेत्र में गश्त भी की। फिलहाल, विभाग की घेराबंदी के बावजूद हिंसक जानवर पिंजरे से दूर है, इससे इलाके में डर का माहौल बना हुआ है।