मैलानी। तीन दिनों से गुमशुदा किशोर का शव शारदा नदी में मिलने के मामले में परिजन ने दो साथियों और खेतस्वामी पर रोटावेटर से काटकर हत्या का आरोप लगाते हुए थाने में तहरीर दी है। पुलिस ने संजय, सूरज और पुरुषोत्तम के खिलाफ मामला गैर इरादतन हत्या व साक्ष्य मिटाने की धारा में मुकदमा दर्ज किया है।
थाना क्षेत्र की ग्राम पंचायत सुवाबोझ के ग्राम सुरजनपुर निवासी धनराज ने आरोप लगाया कि उनके 17 वर्षीय बेटे अजय कुमार को छह जनवरी को सुरजनपुर गांव के ही सूरज और संजय मैैलानी निवासी पुरुषोत्तम के खेत पर मजदूरी कराने ले गए थे। पुरुषोत्तम के खेत भीरा थाना क्षेत्र के गांव आजाद नगर बरुआ में हैं। अजय शाम तक घर वापस नहीं लौटा और उसका मोबाइल भी स्विच ऑफ था। अगले दिन परिजन ने सूरज और संजय से पूछा तो उन लोगों ने बताया कि वे अजय को शाम लगभग चार बजे शारदा नदी के पुल के पास छोड़कर चले आए थे।
सात जनवरी को पिता ने मैलानी थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई और आठ जनवरी को परिजन दर्जनों ग्रामीणों के साथ अजय की खोजबीन करने खेत पर पहुंचे तो वहां खून के निशान और हड्डियां मिली और शव घसीटने के निशान मिले। परिजन ने इसकी सूचना पुलिस को दी तो उसका क्षत-विक्षत शव नदी से बरामद हुआ। शव का एक पैर और एक हाथ गायब था। पोस्टमार्टम के बाद सोमवार को शाम करीब पांच बजे घर पहुंचा तो घर में कोहराम मच गया।
शाम को पिता की ओर से थाने में दी गई तहरीर में लिखा कि सूरज और संजय उनके बेटे अजय कुमार को छह जनवरी को पुरुषोत्तम के खेत पर मजदूूरी के लिए ले गए थे। वहां तीनों ने मिलकर अजय को मारापीटा। जब वह भागने लगा तो तीनों ने पकड़कर अजय को ट्रैक्टर के रोटावेटर से काटकर मौत के घाट उतार दिया और शरीर के टुकड़े करके बोरे में भरकर शारदा नदी में फेंक दिए। एसओ ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
खेत में मिले कपड़ों के टुकड़ों से खुला राज
मैलानी। ग्रामीणों के मुताबिक जब वे लोग खेत में अजय की खोजबीन कर रहे थे। उस दौरान उसके कपड़े का एक टुकड़ा और वैसलीन की डिब्बी का ढक्कन मिला। अजय वैसलीन अपनी जेब में ही रखता था। कपड़े का टुकड़ा मिलने के बाद गहनता से खोजबीन की गई, तो खून के धब्बे और शव घसीटने के निशान मिलने पर हत्या का राज खुल गया और बाद में पुलिस ने शारदा नदी से शव को बरामद कर लिया।