जिले में वर्ष 2015-16 के लिए शराब की दुकानों के व्यवस्थापन की प्रक्रिया शुरू हो गई है। पहले चरण में ही 70 शराब दुकानदारों ने अपने लाइसेंस का रिन्यूवल नहीं कराया है, इसमें सबसे ज्यादा अंग्रेजी शराब की 39 दुकानों का रिन्यूवल नहीं कराया गया है। इसी तरह देशी की 23 और बियर की आठ दुकानों का रिन्यूवल नहीं कराया गया है। लिहाजा अब इन अवशेष दुकानों का व्यवस्थापन के दूसरे चरण में लाटरी सिस्टम से आवंटन किया जाएगा।
बता दें कि अंग्रेजी शराब पर निरंतर बढ़ती महंगाई के चलते कारोबारियों के दुकान छोड़ने की संभावना पहले ही अमर उजाला ने जताते हुए 26 जनवरी के अंक में खबर प्रकाशित की थी। जिले में 90 अंग्रेजी शराब की दुकानों में से 39 दुकानदारों ने लाइसेंस रिन्यूवल कराने से हाथ खड़े कर दिए हैं। बताते चलें कि 30 जनवरी 2015 तक रिन्यूवल होना था। अब लाटरी सिस्टम से अवशेष दुकानों का आवंटन होगा। इसके लिए आबकारी विभाग ने प्रक्रिया शुरू कर दी है। मोहम्मदी सर्किल (गोला और मितौली सहित) में 10 अंग्रेजी, नौ देशी और तीन बियर की दुकानें, लखीमपुर सर्किल में 15 अंग्रेजी, सात देशी और तीन बियर की दुकानों समेत निघासन सर्किल में पांच अंग्रेजी और छह देशी दुकानें छूटी हैं। इसी तरह पलिया सर्किल में नौ अंग्रेजी, एक देशी और दो बियर की दुकानों का रिन्यूवल नहीं हुआ है। रिन्यूवल से वंचित रह गई 70 दुकानोें के अलावा नवसृजित सात दुकानों का लाटरी सिस्टम से चयन किया जाएगा।
उधर जिला आबकारी अधिकारी सुनील कुमार मिश्रा ने बताया कि लाटरी के लिए एक से छह फरवरी तक आवेदन पत्र बिक्री और जमा किए जाएंगे। सात से आठ फरवरी तक आवेदन फार्मों का परीक्षण होगा। इसके बाद नौ फरवरी को कलक्ट्रेट सभागार में डीएम की अध्यक्षता में सार्वजनिक लाटरी निकाली जाएंगी।