लखीमपुर खीरी। सीएमओ डॉ. जावेद अहमद ने मंगलवार को कार्यालय में प्रेसवार्ता के दौरान मच्छर जनित बीमारियों खासकर डेंगू और दिमागी बुखार के लक्षण और उनसे बचाव आदि की जानकारी दी। साथ ही उन्होंने कहा कि प्लेटलेट्स कम होना डेंगू का लक्षण नहीं है, क्योंकि वायरल बुखार में भी प्लेटलेट्स कम हो जाते हैं।
सीएमओ ने कहा कि बुखार आने पर स्वयं दवा न लें। बुखार तेज होने की स्थिति में ठंडे पानी की पट्टी करें और पीड़ित को सरकारी अस्पताल लेकर आएं। एसीएमओ डॉ. वीबी राम ने कहा कि डेंगू का मच्छर साफ पानी में पनपता है इसलिए घर में जलभराव ना होनेे दे। घर की छतों से ऐसे बर्तन हटा दें, जिसमें जलभराव होने की संभावना हो। घर के आस-पास यदि जलभराव हो तो उसमें जला हुआ मोबिल व केरोसिन डाल दें। कूलर की हर सप्ताह सफाई करें और उसके सूखने के बाद उसमें पानी भरें। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. एसके वर्मा ने बताया कि जुलाई माह में 135 जगह टीम ने निरीक्षण किया गया, जिसमें से 23 स्थानों पर लार्वा मिले थे।
डेंगू के लक्षण
1. तेज सिर दर्द व बुखार का होना।
2. मांसपेशियों और जोड़ो में दर्द होना।
3. गंभीर मामलों में नाक, आंख व मसूड़ो से खून का आना।
4. शरीर पर लाल चकत्ते पड़ना
दिमागी बुखार के लक्षण
1. चैतन्यता में परिवर्तन
2. खुले मैदान एवं खेतों में शौच ना जाएं।
3. शरीरिक अकड़न, झटके व दौरे।
4. सिर दर्द के साथ उल्टी होना