लखीमपुर खीरी। सदर कोतवाली क्षेत्र के गांव सैंधरी में किराए के मकान में रहने वाले 35 वर्षीय हरद्वारी पाल उर्फ संजय ने मंगलवार की रात कमरे में छत कुंडे से गमछा बांधकर फांसी लगा ली। घर में अकेले होने से इसकी जानकारी किसी को नहीं हो सकी। बुधवार की सुबह मायके में आई पत्नी ने बात करनी चाही, तो फोन नहीं उठा। इसके बाद पत्नी सहित मायके वाले सैंधरी पहुंचे, तो मेन गेट बंद मिला। सूचना पर पहुंची पुलिस ने कमरे के दरवाजे की सिटकनी तोड़कर शव को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
सैंधरी निवासी डॉ सर्वेश के मकान पर किराए से रहने वाला हरद्वारी मूल रूप से निघासन के गांव चंदनपुरवा का निवासी था। कई साल से वह शहर स्थित एक मार्बल की दुकान पर नौकरी करता था। हरद्वारी के साथ में उसकी पत्नी आरती और दो बच्चे रहते थे। जबकि आरती का भाई छोटेलाल (हरद्वारी का साला) परिवार सहित बाबूराम सर्राफ नगर में रहता है। सोमवार को आरती की छोटी बहन पूजा की शादी थी, जिसमें शामिल होने हरद्वारी परिवार सहित गया था। मंगलवार की शाम को हरद्वारी अपनी पत्नी के साथ सैंधरी आया था, जहां पर दोनों के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ। इसके बाद पत्नी आरती अपने भाई के घर बाबूरामसर्राफनगर चली गई थी। वहीं घर में अकेले रह गए हरद्वारी ने रात को किसी समय फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। मृतक के साले छोटेलाल ने बताया कि दो दिन पहले शादी में शामिल हुए, जिसके बाद मंगलवार को घर गए थे। छोटेलाल ने आत्महत्या के कारणों की जानकारी से इंकार किया है।
मौके पर दरवाजे अंदर से बंद मिले थे। इसके बाद पुलिस ने लॉक तोड़कर कमरे का दरवाजा खोला। शव कुंडे से गमछे से बने फंदे में लटका था। मृृतक के परिवार वालों की सूचना पर शव का पोस्टमार्टम कराया गया। आत्महत्या के कारणों के पीछे पति-पत्नी के बीच कुछ विवाद होना बताया जा रहा है।
फतेह सिंह, प्रभारी निरीक्षक, सदर कोतवाली