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बिना हेलमेट, ट्रिपल राइडिंग में दो की मौत, तीन घायल

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निघासन (लखीमपुर खीरी)। ढखेरवा हाईवे पर ग्राम लखाही के पास सोमवार की रात कार और बाइक में भिड़ंत हो गई। हादसे में बिना हेलमेट ट्रिपल राइडिंग कर रहे कोतवाली धौरहरा के गांव कंपचनपुर निवासी मनोज कुमार की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दुर्गेश ने सीएचसी में दम तोड़ दिया। बाइक सवार रोहित, कार चालक और उसकी पत्नी घायल हो गई। घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
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हादसा रात करीब 10 बजे हुआ। धौरहरा कोतवाली क्षेत्र के गांव कंचनपुर निवासी 20 वर्षीय मनोज कश्यप पुत्र रामलखन गांव के ही अपने साथी 17 वर्षीय दुर्गेश चौहान पुत्र तन्ना लाल और 13 वर्षीय रोहित कश्यप के साथ बाइक पर सवार होकर सोमवार को सिंगाही मेले में सांस्कृतिक कार्यक्रम देखने जा रहे थे। किसी के पास हेलमेट भी नहीं था। ढखेरवा-निघासन स्टेट हाईवे पर गांव लखाही के पास सामने से आ रही एक कार और बाइक में जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में बाइक चालक मनोज कुमार की मौके पर मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मोबाइल से वालों को हादसे की जानकारी देते हुए बाइक सवार घायल रोहित, दुर्गेश, गांव दुलही निवासी कार चालक गुरजीत सिंह और उसकी पत्नी को सीएचसी रमियाबेहड़ भेजा, जहां डॉक्टर ने दुर्गेश को मृत घोषित कर दिया। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि निघासन थानाक्षेत्र के गांव दुलही निवासी कार चालक गुरजीत सिंह अपनी पत्नी के साथ किसी शादी समारोह से लौट रहे थे। सीएचसी के डॉक्टर के रेफर करने पर तीनों घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां रोहित की हालत गंभीर बताई जा रही है। पुलिस ने दोनों शव का पोस्टमार्टम कराया है।


हेलमेट होती तो शायद बच जाती जान
निघासन। सड़क हादसे में दो दोस्तों के मारे जाने और एक के गंभीर रूप से घायल होने की खबर जब गांव पहुंची तो हर कोई अवाक रह गया। लोगों का कहना है कि यदि वे हेलमेट पहने होते तो शायद जान बच जाती। बताया जा रहा है कि धौरहरा कोतवाली के गांव कंचनपुर निवासी मनोज कुमार, दुर्गेश और रोहित तीनों दोस्त थे। ग्रामीणों और परिवार वालों की मानें यदि कहीं जाना होता था तो तीनों एक ही बाइक पर आते-जाते थे। घर वालों ने बताया कि तीनों कई दिनों से सिंगाही में चल रहे रामलीला मेला देखने का का मन बना रहे थे, लेकिन परिवार के लोगों ने मना कर दिया था। सोमवार को मेले का समापन था। इस पर तीनों के कहने पर परिवार वालों ने उन्हें मेला जाने की अनुमति दे दी थी। इस पर तीनों मेला देखने निकले थे। ढखेरवा से कुछ दूर आगे निकलते ही लखाही के पास सड़क हादसे ने मनोज और दुर्गेश की जान चली गई। उधर जब हादसे में दो दोस्तों के मारे जाने की खबर गांव पहुंची तो लोग स्तब्ध रह गए। तीनों के घरों पर चीख पुकार मच गई। पोस्टमार्टम के बाद दोनों शव जब गांव पहुंचे तो दोनों के घरों में कोहराम मच गया।
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