सावन की रिमझिम फुहार के बीच सोमवार को छोटी काशी शिव भक्तों के जयकारों से गूंजती रही। ब्रह्ममुहूर्त से पहले ही दूर दराज से आए हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने गोकर्ण तीर्थ में डुबकी लगाई और भोलेनाथ के दर्शन के लिए पंक्ति में लग गए। भक्तों ने घंटों लाइन में लगकर बारिश के बीच ओम नम: शिवाय का जाप करते हुए भगवान शिव का जलाभिषेक किया।
सावन के पहले सोमवार पर श्रद्धालुओं ने गंगाजल, भांग, धतूरा, अक्षत, धूप, दीप, दूध, शहद, दही, पुष्प, बेलपत्र, शमीपत्र आदि से पौराणिक शिव मंदिर में भोलेनाथ का अभिषेक किया। भक्तों की भीड़ को नियंत्रित करने के लिए मंदिर परिसर में कई बैरिकेडिंग लगाई गईं, जिनपर पुलिस कर्मियों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। नगर के अंदर और नगर के बाहर भी बैरियर लगाकर यातायात को डायवर्ट किया गया। इससे श्रद्धालुओं को खासी कठिनाई का सामना करना पड़ा। श्रद्धालुओं के ठहरने, पार्किंग स्थलों पर नगर पालिका द्वारा पेयजल, प्रकाश और शौचालय की व्यवस्था की गई। कैंप कार्यालय में पालिकाकर्मी, स्वास्थ्य कर्मी, पुलिसकर्मी व्यवस्था में जुटे रहे। एसडीएम ने कंट्रोल रूम में बैठकर सीसीटीवी कैमरे पर सावन मेले की व्यवस्था को देखा।
ममरी। अहमदनगर के क्लेशहरण मंदिर पर श्रद्धालुओं ने भोलेनाथ का जलाभिषेक किया। मंदिर परिसर में हैदराबाद थानापुलिस कर्मी, महिला आरक्षी, होमगार्ड मेले की सुरक्षा व्यवस्था में लगे रहे। मंदिर परिसर में बाबा नरसिंह की मठिया में भी पूजा पाठ हुआ।