परिषदीय स्कूलों में अभिभावकों के हस्ताक्षर पर वितरित होंगी किताबें
सुरक्षित रखे जाएंगे वितरण संबंधी अभिलेख
अमर उजाला ब्यूरो
लखीमपुर खीरी। ग्रीष्मकालीन अवकाश के बाद दो जुलाई 2018 से परिषदीय विद्यालय खुलेंगे, जिनमें पहले दिन से बच्चों को निशुल्क किताबों का वितरण किया जाएगा। बीएसए बुद्धप्रिय सिंह ने कहा है कि ब्लॉक स्तर पर प्राप्त पुस्तकों के भंडारण, वितरण और अभिलेखीय रखरखाव के लिए खंड शिक्षा अधिकारी जिम्मेदार होंगे। विद्यालय स्तर पर संबंधित विद्यालयों के प्रधानाध्यापक उत्तरदायी होंगे।
वर्ष 2018-19 में परिषदीय, राजकीय, अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों, समाज कल्याण विभाग से संचालित विद्यालयों, सहायता प्राप्त मदरसों में पढ़ रहे कक्षा एक से आठ तक के बच्चों को निशुल्क पाठ्य पुस्तकें और कार्य पुस्तिकाएं वितरित कराई जाएंगी। इसके लिए 30 सितंबर 2017 की छात्र संख्या के आधार और पिछले वर्ष की शेष पुस्तकों को समायोजित करके किताबें खरीदी जा चुकी हैं। जिला स्तर पर पुस्तकों की आपूर्ति होने के बाद ब्लॉकों पर भेजा जा रहा है। बीएसए बुद्धप्रिय सिंह ने सभी बीईओ को पुस्तकों का वितरण कराने के संबंध में निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि विद्यालय स्तर पर ग्राम शिक्षा समितियों/वार्ड शिक्षा समितियों/विद्यालय प्रबंध समितियों की देखरेख में पुस्तकें वितरित की जाएं। इस दौरान क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों को आमंत्रित किया जाए। कक्षा एक के बच्चे अपना नाम नहीं लिख सकते, जिससे उनके अभिभावकों से प्राप्ति रजिस्टर पर हस्ताक्षर कराए जाएंगे। यदि किसी विद्यालय में प्राप्त पुस्तकों से बच्चों की संख्या कम है, तो संबंधित प्रधानाध्यापक शेष पुस्तकों को न्याय पंचायत संसाधन केन्द्र पर जमा कराएगा। बीएसए ने पुस्तकों का वितरण कराने के बाद विद्यालयवार लाभार्थियों और वितरित पुस्तकों की संख्या का विवरण निर्धारित प्रारूप पर 31 अगस्त 2018 तक कार्यालय में जमा कराने के निर्देश दिए हैं।