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गांव के पास फिर पहुंची बाघिन

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सुभानपुर गांव के पास फिर पहुंची बाघिन

बांकेगंज (लखीमपुर खीरी)। मैलानी रेंज की महुरेना बीट जंगल से सटे सुभानपुर गांव की आबादी के निकट सोमवार सुबह शावकों संग बाघिन चहलकदमी करती दिखाई दी। बाघिन और शावकों को देख खेतों में गन्ना छिलाई कर रहे मजदूरों में भगदड़ मच गई। उनके शोर मचाने पर बाघिन गन्ने खेत में घुस गई। ग्रामीणों ने इसकी सूचना वन विभाग को दी है। दुधवा टइगर रिजर्व बफरजोन के मैलानी रेंज की महुरेना बीट जंगल से सटे सुभानपुर गांव में आबादी के पास सोमवार सुबह करीब नौ बजे ओमप्रकाश के खेत में मजदूर गन्ना छिलाई कर रहे थे। इस दौरान उन्हें जंगल की ओर से शावकों संग आती बाघिन दिखाई दी। बाघिन और शावकों को देख उनके होश उड़ गए। मजदूरों के शोर मचाने पर बाघिन जंगल की ओर जाने की बजाय आबादी से सटे गन्ने खेत में जाकर छिप गई। ग्रामीणों ने इसकी सूचना वन कर्मियों को दी। जहां मौके पर पहुंचे फॉरेस्टर मोहम्मद उमर, राजेंद्र वर्मा ने खेतों में पगचिह्न देखकर बाघिन और शावकों की मौजूदगी की पुष्टि की है। वन कर्मियों ने ग्रामीणों से बाघिन और शावकों संग छेड़छाड़ न करने की सलाह दी है। साथ ही खेत में हाका लगाकर और शोरगुल करते हुए गन्ना छिलाई करने की बात कही है।
मालूम हो कि पिछले एक महीने से अधिक इस इलाके में शावकों संग सक्रिय बाघिन इससे पहले 22 जनवरी को सुभानपुर गांव आबादी के पास पहुंच गई थी। इसके बाद 28 अर्जुनपुर और दो दिन बाद 30 जनवरी को बांकेपुर गांव आबादी के पास लोगों को बाघिन दिखाई दी। बीते बृहस्पतिवार को मैकूपुर गांव के पास बाघिन ने एक छुट्टा गाय को निवाला बनाया था। रविवार दोपहर महुरेना बीट से सटे पसियापुर गांव के पास जंगल किनारे खेत में चरने गई गाय के नवजात बछड़े को वहां झाड़ियों में छिपे बैठे बाघ ने निवाला बना लिया था। गाय खोजने निकले सुभानपुर गांव निवासी पशुपालक रामस्वरूप पर भी बाघ ने हमले का प्रयास किया था। गनीमत यह रही कि वह ग्रामीणों संग जंगल गया था, उनके शोरगुल मचाने पर नवजात बछड़े के अधखाए शव के पास बैठा बाघ जंगल की झाड़ियों में छिप गया था।
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अब तक नहीं लौटी गाय
बांकेगंज कस्बा के निकट पसियापुर गांव के पास शनिवार दोपहर चरने गई एक गाय के नवजात बछड़े को बाघ द्वारा निवाला बनाने के बाद वहां से भागी गाय दो दिन बीतने के बाद भी घर नहीं लौटी है। इससे यह आशंका जताई जा रही है कि यह पालतू गाय भी किसी बाघ का निवाला बन चुकी है।
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बफरजोन के महुरेना बीट जंगल के पास सुभानपुर गांव के पास शावकों संग बाघिन दिखने की सूचना मिली है। बाघिन और शावकों की सुरक्षा के लिए वन कर्मियों की टीमें लगा दी गईं हैं। जो लगातार निगरानी कर रही हैं। ग्रामीणों को सलाह दी गई है कि वे गन्ने के खेतों में जाते समय सतर्कता बरते और कहीं पर बाघ या बाघिन दिखने पर इसकी सूचना वन विभाग को दें।
- डॉ. अनिल कुमार पटेल, उपनिदेशक, दुधवा टाइगर रिजर्व,बफरजोन।
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