फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

महिला ने तीन बच्चों समेत खुद को लगाई आग

Tue, 20 Mar 2018 11:54 PM IST
कुश्ाीनगर (ब्यूरो)
विज्ञापन
जला घ्ार - फोटो : कुश्ाीनगर ब्यूरो
विज्ञापन

पडरौना। हनुमानगंज थाना क्षेत्र के गांव माघी भगवानपुर में सोमवार की देर रात गृह कलह से नाराज 30 वर्षीया महिला ने अपने तीन बच्चों के साथ शरीर पर मिट्टी का तेल गिराकर खुद को आग के हवाले कर दिया। लपटों से घर में भी आग लग गई। बहू व तीन बच्चों को जिंदा जलता देख बचाने के प्रयास में बुजुर्ग सास-ससुर भी झुलस गए। शोर सुनकर पहुंचे गांव के लोगों ने किसी तरह से आग बुझाई और झुलसे सभी छह लोगों को खड्डा सीएचसी ले जाया गया। वहां से जिला अस्पताल और फिर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया।

 मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान महिला की मौत हो गई। शेष पांच लोगों का वहीं इलाज चल रहा है। माघी भगवानपुर निवासी लालमन के दोनों पुत्र धर्मेंद्र व सुरेंद्र अलग-अलग रहते हैं। तीन महीना पहले धर्मेंद्र रोजी-रोटी की तलाश में बाहर चला गया था। सोमवार की देर रात धर्मेंद्र की पत्नी चंदा व देवर सुरेंद्र की पत्नी में किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया। बीमार ससुर लालमन व सास ने समझाने की कोशिश की लेकिन बात बढ़ती गई।
विज्ञापन


इस दौरान चरित्र पर लांछन लगने से आहत चंदा ने गोद में लिए पांच महीने के बालक समेत बेटियों आठ वर्षीया प्रियंका व तीन वर्षीया शिवानी पर भी मिट्टी का तेल उड़ेलकर आग लगा ली। आग की लपटों ने घर को चपेट में ले लिया। यह देख सास-ससुर बचाने के प्रयास करते हुए चीखने लगे। देवर सुरेंद्र समेत गांव के तमाम लोग दौड़े और किसी तरह से आग बुझाई गई। तब तक चंदा तथा उसके गोद में मौजूद मासूम बालक के अलावा बेटी प्रियंका, शिवानी तथा बुजुर्ग सास-ससुर भी झुलस गए।
झुलसे लोगों को एम्बुलेंस से खड्डा सीएचसी भेजा गया। वहां से जिला अस्पताल और फिर मेडिकल कालेज रेफर कर दिया गया। इलाज के दौरान मंगलवार की भोर में चंदा की मौत हो गई। 
विज्ञापन

इस संबंध में एसओ अरुण मौर्या ने बताया कि झुलसे लोगों का इलाज कराने के लिए थाने के एक एसआई मेडिकल कालेज भेजा गया है। महिला की मौत हो गई है, बाकी लोगों का इलाज चल रहा है। अभी कोई तहरीर नहीं मिली है।

माघी भगवानपुर निवासी लालमन के बड़े बेटे धर्मेंद्र की शादी करीब 10 वर्ष पूर्व रामकोला थाना क्षेत्र के गांव बड़हरा लक्ष्मीपुर में चंदा के साथ हुई थी। सब कुछ ठीक चल रहा था लेकिन छोटे भाई सुरेंद्र की शादी के बाद घर में विवाद होने लगा। लालमन ने घर का बंटवारा कर दिया। उन्हें उम्मीद थी कि इस कदम से दोनों बेटों का परिवार शांतिपूर्वक रहेगा। तीन माह पहले धर्मेंद्र रोजी रोटी के लिए पंजाब चला गया। पत्नी चंदा भी बच्चों के साथ मायके गई थी। तीन दिन पहले ही ससुराल लौटी थी। चंदा की छह वर्ष की बेटी ज्योति ने बताया कि सोमवार की रात में उसकी मां व चाची में काफी देर तक झगड़ा हुआ था। इसके बाद उसकी मां ने मिट्टी का तेल गिराकर आग लगा लिया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें