कसया/मथौली/जौरा बाजार/लक्ष्मीगंज। जिले में दो दिनों से हो रही बारिश से परिषदीय स्कूलों में जलभराव से छात्रों को काफी परेशानी हो रही है। कहीं छात्र पानी से होकर स्कूल गए तो कहीं छात्रों की संख्या बेहद कम रही। वहीं पूर्व माध्यमिक विद्यालय कुड़वा दिलीपनगर गोपाल टोला में विद्यालय परिसर में ही बिजली का हाईटेंशन तार टूटकर गिर गया है। जिससे काफी बच्चे विद्यालय नहीं आए। क्षेत्र के परिषदीय विद्यालयों में दो दिनों से हो रही लगातार बारिश की वजह से परिसर में पानी लग जाने से शिक्षकों और छात्रों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं विद्यालय में छात्रों की संख्या में कमी देखने को मिली। नगर के बीआरसी परिसर स्थित कंपोजिट विद्यालय कसया के प्रांगण में पानी लग गया है। बीआरसी परिसर में शिक्षकों का प्रशिक्षण चल रहा है।
वही कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय भी इसी कैंपस स्थित है। जल जमाव से विद्यालय आने वाले छात्र, शिक्षकों को आवागमन में काफी दिक्कतें उठानी पड़ीं। वहीं रामकोला तिराहे पर स्थित प्राथमिक विद्यालय कन्या कसया का परिसर में पानी है। जिससे छात्रों को काफी दिक्कतें हुई। प्राथमिक विद्यालय नरकटिया बुजुर्ग कसया का प्रांगण पानी से पूरा भर गया है। पानी के रास्ते ही छात्र और शिक्षकों को स्कूल में आना पड़ा। परिसर का सतह नीचे होने की वजह से काफी जलजमाव हो गया है। इसके अलावा प्राथमिक विद्यालय एकेडरवा, प्राथमिक विद्यालय अध्या, प्राथमिक विद्यालय मल्लूडीह, विद्यालय भैंसहा के परिसर में भी जल जमाव हो गया है जिससे छात्रों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
मथौली प्रतिनिधि के अनुसार मोतिचक विकास खंड के गांव कन्हौली गांव स्थित प्राथमिक विद्यालय परिसर में जलभराव की समस्या के कारण बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक अजय तिवारी ने बताया कि विद्यालय में तीन शिक्षकों की तैनाती है और कुल 51 बच्चों का नामांकन है। संविलियन विद्यालय परिसर एवं ब्लॉक संसाधन केंद्र, मोतिचक के प्रांगण में भारी बारिश के चलते जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। इस संबंध में खंड विकास अधिकारी मोतिचक, फूलचंद सरोज ने बताया कि जहां विद्यालयों में जलभराव की समस्या है, वहां संबंधित ग्राम पंचायत सचिव से वार्ता की जा रही है। जौरा बाजार प्रतिनिधि के अनुसार फाजिलनगर विकास खण्ड अंतर्गत कम्पोजिट विद्यालय जौरा बाजार में अधिक जल जमाव है। इसी परिसर में कस्तूरबा उच्चीकृत छात्रावास के निर्माण करा रहे ठेकेदार की मनमानी के कारण हो रहा है। यहां परिसर में जलनिकासी न होने से परेशानी हो रही है। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि तथा विद्यालय के प्रधानाध्यापक इस लिए चिंतित हैं कि अगर नाले को ठीक नहीं कराया गया तो पानी विद्यालय के कमरों तक पहुंच जायेगा।