जेई नहीं रिसीव करते मोबाइल, एसडीओ, एक्सईएन देते हैं झूठा आश्वासन
ट्राॅली-ट्रैक्टर से गांव के लोग पहुंचे थे कलक्ट्रेट, निजात नहीं मिलने पर आंदोलन की दी चेतावनी
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। लो वोल्टेज की समस्या से जूझ रहे शाहपुर उचकीपट्टी गांव वालों का सब्र मंगलवार को टूट गया। डीएम कार्यालय पर प्रदर्शन कर गांव के लोगों ने निगम के अफसरों पर तानाशाही का आरोप लगाया। प्रदर्शनकारियों ने शीघ्र कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
कुबेरस्थान बिजली उपकेंद्र से शाहपुर उचकीपट्टी गांव को बिजली आपूर्ति दी जाती है। बिजली तो गांव में पहुंचती है, लेकिन लो वोल्टेज की वजह से पंखा चलना तो दूर घरों में रोशनी भी नहीं बिखेर पाती है। करीब एक साल से इसकी शिकायत जेई, एसडीओ और समाधान दिवस में किया जा रहा है। बावजूद जिम्मेदार ध्यान नहीं दे रहे हैं।
मंगलवार की सुबह गांव वाले जेई से बात करने की कोशिश की। मोबाइल रिसीव नहीं होने पर उपकेंद्र पर पहुंच गए। यहां पर जेई नहीं मिले, तो ट्राॅली ट्रैक्टर से गांव वाले डीएम कार्यालय पहुंच गए। जेई, एसडीओ के खिलाफ नारेबाजी करते हुए तानाशाही का आरोप लगाया।
गांव वालों का कहना है कि हर महीने बिजली का बिल जमा किया जाता है। एक साल से लो वोल्टेज की समस्या बनी है। आश्वासन के बाद भी गांव में लगे 100 केबीए ट्रांसफाॅर्मर की क्षमता नहीं बढ़ाई गई। गर्मी की वजह से जहां दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, वहीं, घरों में लगे टीवी, फ्रीज, पंखा तक नहीं चल रहा है। डीएम कार्यालय पर पहुंचकर भी जेई शैलेष यादव के सीयूजी नंबर पर फोन किए, रिंग जाने के बाद भी उनका मोबाइल रिसीव नहीं हुआ।
इस दौरान सहाबुदीन अंसारी, छोटेलाल, आबिद अली, दीपक कुशवाहा, असफाक अंसारी, इरसाद, अब्दुल, शमशाद आलम आदि मौजूद रहे।
बजट के अभाव में नहीं हो रहा है कोई इंतजाम
ट्रांसफाॅर्मर की क्षमता वृद्धि से लो वोल्टेज की समस्या का समाधान नहीं होगा। इसके लिए गांव की लाइट को दो हिस्सों में बांटना पड़ेगा। नया ट्रांसफाॅर्मर लगेगा। विभाग के पास एक साल से कोई बजट नहीं है। गांव वालों को एस्टीमेट बनाकर दिया गया था। एक साल पूर्व कि अपने यहां के जनप्रतिनिधि से बजट मांगिए, लेकिन गांव वालों ने कोई पहल नहीं की। उच्चाधिकारियों को इस समस्या से अवगत करा दिया गया है।
- तौसीम कुमार, एसडीओ कुबेरस्थान