पडरौना। रविवार की देर रात आई आंधी-बारिश ने काफी क्षति पहुंचाई। कई पेड़ उखड़ गए तो कई जगह घरों के ऊपर लगे शेड ढह गए। पडरौना-कसया की 33 केवी मेन लाइन पर चार जगह पेड़ ढह जाने से बिजली विभाग को भी काफी नुकसान उठाना पड़ा। जनपद मुख्यालय सहित पडरौना विद्युत वितरण खंड के विभिन्न हिस्सों में दस से 12 घंटे तक बिजली आपूर्ति ठप रही। इससे करीब 30 हजार परिवार बिजली के संकट से जूझते रहे।
रात में आंधी और बारिश के दरम्यान किसान इंटरमीडिएट कालेज साखोपार के निकट 33 केवी की मेन लाइन पर पेड़ गिर जाने से तार टूट गया। इसी बीच बाड़ी पुल, तिवारी टोला और धर्मपुर बुजुर्ग के बागीचे के निकट भी 33 केवी की मेन लाइन पर पेड़ ढहने से तार तार टूट गए। जनपद मुख्यालय सहित भिस्वा सरकारी, डीएम आवास, बेलवा मिश्र गांव के निकट भी 11 हजार वोल्ट की लाइन पर पेड़ ढह गए थे। तब से पडरौना और रवींद्रनगर हाइडिल से जुड़े करीब 30 हजार उपभोक्ताओं के घरों की बिजली गुल रही। एसडीओ अरविंद कुमार सिंह ने बताया कि सुबह दस बजे तक पडरौना हाइडिल से जुड़े गांवों में बिजली आपूर्ति शुरू करा दी गई। उसके बाद दोपहर तक रवींद्रनगर हाइडिल से जुड़े शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों की आपूर्ति भी बहाल कर दी गई।
कसया में रविवार की रात आंधी में कई पेड़ उखड़ गए। कई घरों शेड उड़ गए, वहीं बिजली के तार-पोल को भी काफी नुकसान पहुंचा। इसके चलते कसया कस्बे में भी बिजली आपूर्ति ठप रही। आधी, बारिश के साथ ओले पड़ने से गेहूं, गन्ना और मक्का की फसलों को नुकसान पहुंचा। कई घरों के शेड और छप्पर गिर गए। सपहां रोड स्थित सूर्यनारायण पांडेय की छत बनाने के लिए खड़ी की गई दीवार ढह गई। कई जगह सड़क पर पेड़ गिरने आवागमन बाधित रहा। रामकोला-कसया मार्ग पर कई जगह पेड़ गिर गए थे। कस्बा सहित गांवों में बिजली के तार व पोल टूट जाने से बिजली आपूर्ति बंद रही। तेज आंधी और बारिश के चलते उद्यान केंद्र बरवा जंगल स्थित राजकीय आलू परिक्षेत्र की चहारदीवारी ढह गई। पेड़-पौधों को भी काफी नुकसान पहुंचा।
जिला उद्यान अधिकारी रामायण सिंह ने मौके पर पहुंचकर नुकसान का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि तेज हवा के चलते उद्यान केंद्र की चहारदीवारी लगभग दो सौ मीटर तक गिर गई है औैर लीची के 20 पेड़ों को क्षति पहुंची है। ओला पड़ने से एक हेक्टेयर खीरा और दो हेक्टेयर भिंडी का नुकसान हुआ है। मौके पर उद्यान केंद्र के प्रभारी पत्रिका सिंह भी मौजूद रहे। मथौली बाजार में कप्तानगंज थाना क्षेत्र के गंभीरपुर निवासी अशोक यादव के पोल्ट्री फार्म को भी आंधी-बारिश से काफी नुकसान हुआ है। रात में ओले भी गिरने की बात कही जा रही है। पोल्ट्री फार्म में रखे करीब एक हजार मुर्गे मर गए। इसी तरह खैरेटवा, मथौली बाजार, गंभीरपुर, लोहेपार, सिरसिया, गौनरिया सहित अन्य गांवों में भी लोगों के छप्पर और टिन शेड को आंधी-बारिश से नुकसान पहुंचा है। मथौली बाजार में एसआरजे एकेडमी भवन पर आम का पेड़ गिर जाने से काफी क्षति हुई।