करदह गांव में आया बाघ, लोगों में मचा हड़कंप
पशुओं को चारा डालने गई महिला सामने बाघ देखकर चीख पड़ी
खेतों में दिखे बाघ के जैसे ही पदचिह्न, सतर्कता की जरूरत: रेंजर
अमर उजाला ब्यूरो
खड्डा(कुशीनगर)। थाना क्षेत्र के करदह गांव में बुधवार की सुबह पशुओं को चारा डालने नाद के पास पहुंची महिला बाघ देखकर चीखने-चिल्लाने लगी तो आसपास के लोग दौड़ पड़े। लोगों को आता देख बाघ पास के गन्ने के खेत की ओर चला गया। बाघ की मौजूदगी से गांव के लोग डरे सहमे हैं। ग्रामीण लाठी-डंडे लेकर पहरा दे रहे हैं। यहां के लोगों ने वन विभाग को सूचना देकर बाघ को पकड़ने की मांग की है।
प्रत्यक्षदर्शी कुरेशा खातून ने बताया कि बुधवार को भोर में अपने भैंस को चारा डालने के लिए वह घर से निकली थी कि बाहर बाघ दिखा। पहले तो उनको आभास हुआ कि दूसरा कोई जानवर है, लेकिन जब बाघ गुर्राया तो वह शोर मचाते हुए भागी। शोर सुनकर आसपास के लोग जुट गए। बगल में जल रही आग व लोगों को आता देख बाघ पंचायत भवन के बगल से गन्ने की खेत की ओर चला गया। लोगों ने देखा कि गांव के नितेश गुप्ता के गन्ने के खेत के बगल के धान के खेत में बाघ के पदचिह्न की तरह आकृति उभरी थी। लोग विश्वास के साथ कह रहे हैं कि यह बाघ के ही पदचिह्न हैं। बाघ के विचरण से लोगों को जानमाल का नुकसान हो सकता है।
गांव के नितेश गुप्ता, सोहेल भारती, पिंटू चौधरी, निखिलेश विश्वकर्मा, शत्रुध्न गुप्ता, भरत गुप्ता, सिकंदर अली, प्रिंस गुप्ता, जुल्फिकार अहमद, संदीप भारती, सत्यप्रकाश विश्वकर्मा, संदीप गुप्ता, गोलू विश्वकर्मा, शाहिद आदि ने वन विभाग को सूचना देकर बाघ को पकड़ने की मांग की है। इस संबंध में रेंजर खड्डा बीके यादव का कहना है कि करदह गांव में बाघ देखे जाने की सूचना ग्रामीणों ने दी है। खेत में पदचिह्न भी होने की सूचना है। टीम भेजी जा रही है। ग्रामीणों को भी सतर्क रहने की जरूरत है।