पडरौना। हिंदू नववर्ष की पूर्व संध्या पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की ओर से पथ संचलन किया गया। जिले भर से आए आरएसएस के स्वयंसेवक अपने पारंपरिक गणवेश में पडरौना नगर के जूनियर हाईस्कूल के मैदान में एकत्र हुए।
वहां बौद्धिक कार्यक्रम के बाद स्वयंसेवकों ने नगर में पथ संचलन किया। इनके साथ सभी अखाड़ों के खिलाड़ी भी करतब दिखाते हुए चल रहे थे। सैकड़ों की संख्या में स्वयंसेवक जिन रास्तों से गुजरे, वह मुहल्ला कुछ पलों के लिए भगवामय हो गया। जूनियर हाईस्कूल में एकत्र स्वयंसेवकों ने संघ संस्थापक डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार के प्रति कृतज्ञता ज्ञापित किया तथा आद्य सरसंघचालक को प्रणाम करते हुए योग और व्यायाम का सामूहिक प्रदर्शन किया।
छावनी, सुभाष चौक, महावीरी गली और कसेरा टोली सहित विभिन्न मोहल्लों के अखाड़ा दलों के खिलाड़ियों ने भी शस्त्रों के साथ पथ संचलन में हिस्सा लिया। लोगों ने पथ संचलन में शामिल स्वयंसेवकों का जगह जगह स्वागत किया।
स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए आरएसएस के क्षेत्र सेवा शिक्षण प्रमुख नवल ने कहा कि डॉ. हेडगेवार ने संघ की स्थापना वर्ष 1925 में की थी। इसका उद्देश्य हिंदू समाज की एकजुटता था। उन्हाेंने कहा कि संघ हिंदू समाज के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर जुटा है। यह सामाजिक सद्भाव और लोगों के बीच आपसी समरसता का पक्षधर है।
उन्होंने यह भी कहा कि संघ डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती पर भी जगह-जगह कार्यक्रम आयोजित करेगा। इस पथ संचलन में उमाशंकर सोनी, फूलबदन, जिला प्रचारक लालजी, अंशुमान बंका, नत्थू शर्मा, रामाश्रय, विनय जायसवाल, लल्लन मिश्र, केदार, डॉ. निलेश मिश्र, विजय दीक्षित, संजय जायसवाल, नितिन साहा, अजीत, पीयूष, नीतेश, आशीष गुप्ता, शैलेंद्र कुमार सिंह सहित सैकड़ों की संख्या में स्वयंसेवक शामिल थे।