पनियहवा को पर्यटन स्थल बनाने का मुद्दा उठा
खड्डा (कुशीनगर)। छितौनी बगहा रेल पुल के पास मौनी अमावस्या पर आयोजित होने वाले नारायणी समाजिक कुंभ के दूसरे दिन लोगों ने पनियहवा को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने समेत अन्य मांगों पर विचार के उपरांत प्रस्ताव पारित किया। इसके बाद आयोजन के समापन की घोषणा की गई। इस प्रस्ताव को प्रदेश सरकार को भेजा जाएगा।
साधु संतों ने रामनयन दास की अध्यक्षता में नारायणी नदी के महत्व पर चर्चा के बाद ॐ का उच्चारण कर प्रस्ताव पारित किया। मंडलेश्वर राजेश्वरानंद महराज ने कहा कि जाति-पाति व अश्पृश्यता खत्म करने, गोपालन व आयुर्वेद को महत्व देने, संस्कार युक्त शिक्षा पद्धति पर बल देने, नशा मुक्त समाज के निर्माण, तुलसी, नीम, पीपल का पौधा लगाने, निर्धन कन्याओं के विवाह में सहयोग करने, मां नारायणी के नाम पर ट्रेन का संचालन, पनियहवा को बड़े पर्यटन व धार्मिक स्थल के रूप में विकसित करने पर चर्चा के बाद प्रस्ताव पारित किया गया। प्रस्ताव के समर्थन में जोगिया मठ के महंत रामबालक दास ने कहा कि सामाजिक कुंभ में सरकार की लोक कल्याणकारी योजनाओं व राजनीतिक दृढ़ इच्छाशक्ति की सराहना करते हुए इस निर्णय को दूरगामी बताया गया।
संयोजक मनोज कुमार पांडेय ने अतिथियों, संतों, श्रद्धालुओं के प्रति आभार प्रकट किया। इस अवसर पर गोरखदास महाराज, लालबहादुर शास्त्री, महेशदास, बालक दास, कुंजबिहारी दास, महेशदास महाराज, बलरामदास, परमेश्वर दास, अमरदास महराज, कमलेश्वर दास, हरेराम, अनुराग प्रताप सिंह, प्रभाकर पांडेय, विकास सिंह, नरेंद्र चौरसिया, पिंटू मिश्र, जयप्रकाश सिंह, संदीप भारती आदि मौजूद रहे।