मथौली। क्षेत्र के गांव मधवलिया स्थित ब्रम्ह स्थान परिसर में चल रहे श्रीविष्णु महायज्ञ के दौरान रविवार को श्रीकृष्ण-सुदामा के मित्रता की कथा सुनाई गई। कथा वाचक सुधीर दुबे ने कहा कि गुरू से कपट व मित्र से चोरी नहीं करनी चाहिए। इस समय भाई-भाई के खून का प्यासा हो जा रहा है। उन्होंने कहा कि सुदामा कितनी दीनता में जी रहे थे उनके लिए एक दाना भी जुटान पाना बड़ा कठिन था। इसलिए कृष्ण ने सुदामा पर उपकार कर दिया। इस दौरान रामनरेश, रामाश्रय गुप्ता, तेज बहादुर सिंह, सुरेंद्र सिंह, जय सिंह आदि रहे है।