पडरौना। पदोन्नति को लेकर हुए बवाल के बाद शिक्षकों पर दर्ज कराए गए मुकदमे का मामला बुधवार को गरमा गया। परिषदीय शिक्षकों से संबंधित सभी शिक्षक संगठनों ने दोपहर बाद जूनियर हाईस्कूल रविंद्रनगर के परिसर में बैठक कर इकट्ठा आंदोलन की रणनीति बनाई। देर शाम तक इस मामले में शिक्षक नेताओं और बीएसए के बीच वार्ता चल रही थी।
जिले के सौ से अधिक शिक्षकों का पदोन्नति प्रकरण पिछले दो साल से लंबित है। पदोन्नति के इस मामले को ही लेकर पिछले सप्ताह बीएसए कार्यालय पर शिक्षकों ने हंगामा कर दिया था। इस मामले में बीएसए की तरफ से पडरौना कोतवाली में शिक्षकों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया गया है। दीपावली की छुट्टियों के बाद बुधवार को स्कूल लौटे शिक्षकों की दोपहर बाद जिला मुख्यालय स्थित जूनियर हाईस्कूल रविंद्रनगर के परिसर में बैठक हुई। इस बैठक में प्राथमिक शिक्षक संघ, जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ, विशिष्ट बीटीसी शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन, दूरस्थ बीटीसी शिक्षक संघ, अनुदेशक शिक्षक संघ समेत सभी संगठनों के पदाधिकारी शामिल हुए। सभी शिक्षक नेताओं ने प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष सुधाकर शरण पांडेय की अगुवाई में एकजुट होकर इस मामले में आंदोलन करने का निर्णय लिया।
देर शाम बीएसए पन्नाराम गुप्ता ने इस मामले पर वार्ता के लिए शिक्षक नेताओं को अपने आवास पर बुलाया। इस दौरान राजेंद्र सिंह, राजेश शुक्ला, तारकेश्वर शुक्ला, अनूप सिंह, सत्यजीत द्विवेदी, छेदी प्रसाद, राजकुमार सिंह, तारकेश्वर शुक्ल, प्रमोद श्रीवास्तव, मोहम्मद तारिक, राजेश गुप्ता, राजेश तिवारी, दिलीप पांडेय, सुमित त्रिपाठी, अजय कुमार सिंह समेत तमाम शिक्षक नेता मौजूद थे।