पडरौना शहर के कठकुईया मोड़ सड़क पर भरा बारिश का पानी। संवाद
- फोटो : धूप से बचने के लिए चेहरा ढंककर जाते बाइक सवार।
पडरौना। शुक्रवार की सुबह गरज चमक के साथ आंधी-बारिश शुरू हुई। बिजली गिरने से एक भैंस की मौत हो गई, जबकि बाकी जगह लोग बाल-बाल बच गए। दोपहर तक लोग घरों में दुबके रहे और सड़कों पर सन्नाटा रहा। रामकोला में ताड़ के पेड़ पर बिजली गिरने से आग लग गई। तारों पर पेड़ की टहनियां गिरने से शहर की ठप आपूर्ति तो कुछ घंटों में बहाल हो गई, जबकि ग्रामीण क्षेत्र के 300 से अधिक गांवों व कस्बाें में शाम तक आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी।
करीब एक सप्ताह तक चली भीषण गर्मी और नौतपा के बीच शुक्रवार की सुबह कहीं हल्की तो कहीं तेज हवा के साथ हुई झमाझम बारिश से लोगों का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। दोपहर करीब तीन बजे आसमान साफ हुआ तो हल्की धूप हुई तब जाकर लोगों को राहत मिली। तेज हवाओं के कारण कई जगहों पर पेड़ गिर गए तो शहर में 20 से अधिक स्थानों पर बिजली के तार टूट गए। इसके चलते शहर में बिजली आपूर्ति ठप हो गई।
कोटवा करजही में बिजली गिरने से मातादीन प्रसाद की भैंस मर गई। मातादीन ने बताया कि गांव के बाहर आबादी के जमीन में घर के पास ही घोठे पर घारी में भैंस बांधी गईं थी। सबेरे दूध निकाल कर भैंस को घर के अंदर बांध दिया था। करीब छह बजे तेज आवाज के साथ बिजली गिरने से भैंस मर गई। रामकोला क्षेत्र में ताड़ के पेड़ पर बिजली गिरने से आग लग गई।
इस बारिश ने शहर की जलनिकासी व्यवस्था की पोल खोल दी। रामकोला रोड स्थित साइफन और मोहल्ले की नालियों की समुचित सफाई नहीं होने से नौका टोला की सड़कों पर बारिश का पानी भर गया। तिलक नगर, मुन्ना कॉलोनी की कई सड़कों पर एक से डेढ़ फुट पानी भर गया। लोगों को घर से निकलने में परेशानी उठानी पड़ी। जिला मुख्यालय पर जलनिकासी की व्यवस्था नहीं होने से कलक्ट्रेट गेट और मेडिकल कॉलेज के एसएनसीयू गेट पर जलभराव हो गया।
दोपहर तक आसमान में बादल छाए रहे। इससे तापमान में करीब पांच डिग्री सेल्सियस गिरावट दर्ज की गई। उधर सुबह से पूरे दिन हल्की धूप होने के चलते बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया था, वहीं शुक्रवार की सुबह बारिश होने से अधिकतम तापमान में दो डिग्री सेल्सियस गिरकर अधिकतम 33 और न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बारिश और तेज हवा के चलते शहर में 20 से अधिक स्थानों पर बिजली के तार टूट कर गिर गए थे। इसके चलते बारिश शुरू होते ही बिजली आपूर्ति ठप हो गई।
पडरौना शहर के कठकुईया मोड़ सड़क पर भरा बारिश का पानी। संवाद- फोटो : धूप से बचने के लिए चेहरा ढंककर जाते बाइक सवार।