सलेमगढ़। कस्बे में मंगलवार को शरद पूर्णिमा हर्षोउल्लास के साथ मनाया गया। सामाजिक सांस्कृतिक और आध्यात्मिक संगठन सत्तराम पंथ से जुड़े श्रद्धालुओं ने भी शरद पूर्णिमा का पर्व मनाया।
संत सेवक संजय दास ने कहा कि पूर्णिमा का आध्यात्मिक एवं वैज्ञानिक महत्व है। शरद पूर्णिमा की रात में चन्द्रमा के प्रकाश से अमृत का भास होता है। उसमें दिव्य औषधीय गुण होता है। चन्द्रमा के प्रकाश में खीर बनाकर रखने पर उसका सेवन करने से मनुष्य के सभी व्याधि मिट जाते हैं। उन्होंने कहा कि दूषित आहार से मानसिक तनाव बढ़ता है। जिससे मानसिक और शारीरिक शक्ति नष्ट हो जाती है। शरद पूर्णिमा का पर्व आरोग्यता प्रदान करने के साथ मनुष्य को आध्यात्मिक और जीवन में उमंग प्रदान करता है। अंत में आश्रम के मुख्य सेवक राजेश प्रसाद मद्धेशिया ने सभी के प्रति आभार जताया। इस दौरान सरतेज सिंह, मुन्ना पांडेय, मिथलेश ठाकुर, वैभव तिवारी, कृपा गुप्ता, विक्रमादास आदि मौजूद रहे।