खड्डा (कुशीनगर)। नेपाल त्रासदी के बाद पहली बार बुधवार को नारायणी (गंडक) में पानी का डिस्चार्ज बढ़ने से नदी चेतावनी बिंदु को पार कर गई। वाल्मीकिनगर गंडक बैराज से शाम चार बजे नदी में 1.83 लाख 400 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। बैराज से कुल डिस्चार्ज 1.87 लाख 400 क्यूसेक दर्ज किया गया। इसमें दो-दो हजार क्यूसेक पानी मुख्य पश्चिमी गंडक नहर और पूर्वी गंडक नहर में छोड़ा गया। शेष पानी नदी में प्रवाहित हुआ।
बुधवार सुबह आठ बजे भैंसहा गेज पर जलस्तर चेतावनी बिंदु से 10 सेंटीमीटर नीचे 94.90 मीटर था। शाम चार बजे तक यह बढ़कर चेतावनी बिंदु से 20 सेंटीमीटर ऊपर 95.20 मीटर पहुंच गया। जलस्तर बढ़ने की रफ्तार ने तटवर्ती और बाढ़ प्रभावित गांवों के लोगों की चिंता बढ़ा दी है।
नेपाल में आई त्रासदी के बाद पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश हो रहा है। इसके चलते गंडक नदी के जलस्तर में उतार चढ़ाव जारी है। त्रासदी के बाद से पहली बार गंडक नदी का डिस्चार्ज 1.87 लाख 400 पहुंचा है। नदी गंडक बैराज से बुधवार सुबह चार बजे 1.29 लाख क्यूसेक, सुबह आठ बजे 1,39,400 क्यूसेक, दोपहर 12 बजे 1,63,800 क्यूसेक, दोपहर दो बजे 1,72,200 क्यूसेक और शाम तीन व चार बजे 1,83,400 क्यूसेक डिस्चार्ज दर्ज किया गया।
सुबह आठ बजे से शाम चार बजे के बीच डिस्चार्ज में करीब 44 हजार क्यूसेक की बढ़ोतरी हुई। जलस्तर बढ़ने से मरचहवां, बसंतपुर, शिवपुर, नारायणपुर, हरिहरपुर, सालिकपुर और महादेवा समेत बाढ़ प्रभावित गांवों के लोगों की चिंता बढ़ गई है। बाढ़ खंड के अफसर बंधे पर कैंप कर रहे हैं, जबकि आपदा विभाग की ओर से दूसरे विभाग के ड्यूटी में लगे कर्मचारियों को अलर्ट कर दिया गया है। एसडीएम डॉ. संतराज ने छितौनी तटबंध की ठोकर संख्या दो, तीन और चार सहित आसपास के क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया और स्थिति का जायजा लिया। जलस्तर बढ़ने से ठोकरों पर दबाव कुछ बढ़ा है। हालांकि बाढ़ खंड के अधिकारियों ने फिलहाल किसी खतरे से इन्कार किया है।
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इस बरसात में 2.25 लाख क्यूसेक तक पहुंच चुका है डिस्चार्ज
-रिकॉर्ड के अनुसार इस बरसात में गंडक का अधिकतम डिस्चार्ज 2.25 लाख क्यूसेक तक पहुंच चुका है। उस समय भैंसहा गेज पर जलस्तर चेतावनी बिंदु से 90 सेंटीमीटर ऊपर 95.90 मीटर दर्ज हुआ था। यह खतरे के बिंदु 96.00 मीटर से महज 10 सेंटीमीटर नीचे था। इधर, पिछले तीन दिनों से नदी से कोई शव बरामद नहीं हुआ है। एसडीआरएफ की टीम लगातार निगरानी कर रही है। थानाध्यक्ष संदीप कुमार सिंह पुलिसकर्मियों के साथ नदी किनारे विभिन्न स्थानों पर निगरानी में जुटे हैं।