कमीशन में 75 रुपये तत्काल बढ़ोतरी समेत कई मांगों को लेकर छह अक्तूबर को नहीं करेंगे कंपनी में भुगतान और न ही भेजेंगे मांग पत्र
पडरौना। एलपीजी वितरकों की विभिन्न मांगों को लेकर देशभर में आंदोलन की तैयारी शुरू करने की तैयारी है। एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटर्स एसोसिएशन (आई) ने तीनों सार्वजनिक तेल कंपनियों आईओसीएल, बीपीसीएल और एचपीसीएल से जुड़े वितरकों के आंदोलन का एलान किया है। एसोसिएशन मांगें पूरी नहीं होने पर आगे अनिश्चितकालीन हड़ताल करने की चेतावनी दी है।
एसोसिएशन के अध्यक्ष यूपी सिंह ने बताया कि एलपीजी वितरक जिला मुख्यालयों पर कैंडल मार्च निकालेंगे। छह अक्तूबर को ‘नो मनी, नो इंडेंट’ अभियान चलाया था। अब 26 अक्तूबर को दिल्ली के जंतर-मंतर पर एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि वितरकों ने होम डिलीवरी और प्रशासनिक शुल्क के रूप में मिलने वाले कमीशन में तत्काल 75 रुपये की बढ़ोतरी की मांग की है। इसके अलावा एलपीजी उपभोक्ताओं पर पीएनजी कनेक्शन लेने की अनिवार्य शर्त संबंधी आदेश वापस लेने की मांग की गई है।
एसोसिएशन ने प्रत्येक ई-केवाईसी के लिए 236 रुपये का भुगतान करने की भी मांग रखी है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक तेल कंपनियों के अधिकारी वितरकों के माध्यम से जबरन चूल्हा, रबर ट्यूब, फायरवॉल, ट्रॉली, चायपत्ती समेत अन्य उत्पादों की बिक्री करा रहे हैं। एसोसिएशन ने इस कार्रवाई पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है। साथ ही आवश्यक वस्तु अधिनियम-1955 की धारा तीन का उल्लंघन बताते हुए पांच और 19 किलोग्राम के सिलिंडरों की कथित जबरन बिक्री पर भी रोक लगाने की मांग की गई है। उन्होंने चेतावनी दी गई है कि मांगें पूरी नहीं होने पर एलपीजी वितरक अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने के लिए बाध्य होंगे।