समय पर मरम्मत और देखरेख नहीं होने से यह पूरी तरह बदहाल हो चुकी थी। लोगों की परेशानियों को देखते हुए नगर पालिका अध्यक्ष विनय कुमार जायसवाल ने पिछले कार्यकाल में इस बाईपास सड़क को रेलवे स्टेशन तिराहे से बेलवा चुंगी तक बनवाने को कार्य किया था, लेकिन बेलवा चुंगी से अंबे चौक तक इस सड़क की स्थिति बदहाल बनी थी।
सड़क पर बने डेढ़ से दो फिट के गड्ढ़ों में बाइक सवार हर दिन गिरकर चोटिल हो जाते हैं। सड़क से उड़ने वाली धूल आस-पास के लोगों को बीमार बना रही है। शासन ने इस सड़क के निर्माण के लिए दो करोड़ रुपये स्वीकृत किए हैं।
इसी तरह नगर के जलकल से रेलवे स्टेशन तक बनी स्टेशन मार्ग भी मरम्मत के अभाव में बीते तीन से चार वर्षों से बदहाल है। इसके निर्माण के लिए नगर पालिका ने करीब एक वर्ष पहले ही पहल की थी, लेकिन रेलवे की तरफ से एनओसी नहीं मिलने की वजह से निर्माण कार्य अधर में लटक गया था। इस सड़क के निर्माण के लिए शासन की तरफ से दो करोड़ रुपये स्वीकृत हुए हैं।
नगर के सुभाष चौक स्थित हनुमान पोखरा, बेलवा स्थित पोखरा, रामधाम पोखरा समेत नगर और विस्तारित क्षेत्र के पोखरों का सुंदरीकरण होगा। इसके लिए तीन करोड़ रुपये खर्च होंगे। इस धनराशि से शहर के सभी पोखरों पर छठ घाटों पर छठ वेदी, सीढ़ी, पाथ-वे के अलावा पौधरोपण के कार्य कराएं जाएंगे। इसके अलावा शहर के बड़े पोखरों पर जगह की उपलब्धता के अनुसार बच्चों के खेलने के लिए पार्क और सेल्फी प्वाइंट बनाए जाएंगे।
चार करोड़ से खिरकिया में बनेगा मुक्तिधाम
नगर के सटे खिरकिया मंदिर से गुजरी झरही नदी के तट पर चार करोड़ रुपये से मुक्तिधाम का निर्माण होगा। शासन से अवमुक्त इस धनराशि से मुक्तिधाम के पास अंत्येष्ठी स्थल, नदी की सफाई कर वहां उसमें उतरने के लिए सीढ़ी, पाथ-वे और पौधरोपण समेत अन्य निर्माण कार्य कराए जाएंगे।
नगर समेत विस्तारित क्षेत्र के गांवों की भी बनेंगी सड़कें
नगर के विकास के लिए शासन से मिली धनराशि से नगर के विभिन्न मोहल्लों की क्षतिग्रस्त सड़क और गलियों की नए सिरे से कराया जाएगा। इनके निर्माण होने से लोगों को आवागमन में सहूलियत मिलने के साथ बरसात के मौसम में होने वाली परेशानी समाप्त हो जाएंगी। सब कुछ ठीक रहा तो इन सड़कों का निर्माण कार्य छठ पर्व के बाद शुरू हो जाएगा।