पडरौना/कसया। राष्ट्रीय क्षयरोग उन्मूलन कार्यक्रम में प्रदेश में बेहतर प्रदर्शन करते हुए कुशीनगर 22वें स्थान से 8वें स्थान पर पहुंच गया है। जनपद में कार्यरत टीबी कर्मचारियों के लगातार परिश्रम से यह उपलब्धि हासिल हुई है।
डीएम विशाल भारद्वाज एवं सीडीओ गुंजन द्विवेदी के निर्देश पर जनपद में 100 दिवसीय टीबी खोज अभियान का क्रियान्वयन भी चल रहा है। इसके अंतर्गत आयुष्मान आरोग्य मंदिर क्षेत्र में रहने वाले उच्च जोखिम वाले व्यक्तियों जैसे 60 वर्ष के ऊपर, शुगर, बीपी रोगियों के साथ धूम्रपान करने वाले, मदिरापान करने वाले, पुराने टीबी रोगी और टीबी रोगी के संपर्क में रहने वाले व्यक्तियों की स्क्रीनिंग करते हुए टीबी के लक्षणों वालों के बलगम की जांच कराई जा रही है। प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत रविवार को पड़ रही कड़ाके की ठंड में सीएमओ डॉ. सुरेश पटारिया एवं डीटीओ डॉ. एसएन त्रिपाठी की ओर से गोद लिए गए टीबी रोगी के गांव नादह के डेरा टोला पहुंचकर तीसरे माह की पोषण पोटली, जिसमें गुड़, भुना चना, मूंगफली का दाना, सत्तू, गजक एवं प्रोटीन पाउडर सौंपे एवं उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। उनके खाते में प्रतिमाह भेजी जाने वाली एक हजार रुपये निक्षय पोषण योजना की भी जानकारी ली गई। सीएमओ ने ग्रामीणों को टीबी रोग के बारे में बताते हुए कहा कि जिनको भी दो हफ्ते से खांसी एवं बलगम आ रहा हो, भूख न लगना, शाम को बुखार होना, गले में गांठ होने या बांझपन आदि लक्षण हो वह तत्काल अपनी जांच नजदीक के स्वास्थ्य केंद्र पर अवश्य कराएं। इस दौरान निक्षय मित्र नोडल आशुतोष कुमार मिश्र, एसटीएस मेडिकल कालेज संदीप मौर्या आदि मौजूद रहे।