फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

खतरे के निशान तक पहुंची गंडक

Fri, 01 Jul 2016 11:11 PM IST
kushinagar
विज्ञापन
बाढ़ - फोटो : santosh verma
विज्ञापन
पडरौना/खड्डा। नेपाल के पहाड़ी इलाकों में हो रही बरसात से गंडक नदी का जलस्तर बढ़ने लगा है। शुक्रवार को दोपहर बाद वाल्मीकिनगर बैराज से नदी में 1.21 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इसके चलते छितौनी बांध के भैंसहा गेज पर नदी का जलस्तर वार्निंग लेवल (95 मीटर) तक पहुंच गया। जलस्तर बढ़ने से खड्डा रेता क्षेत्र के दर्जन भर गांवों पर बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है।
विज्ञापन


पिछले वर्ष हुई कम बरसात के चलते सितम्बर महीने में ही गंडक नदी का जलस्तर घटने लगा था। मई के महीने में नदी का डिस्चार्ज 30 हजार क्यूसेक से भी नीचे आ गया था। 15 जून के बाद जलस्तर बढ़ना शुरू तो हुआ लेकिन अधिकतम 65 हजार तक ही पहुंच पाया। सिंचाई विभाग से जुड़े लोगों के अनुसार इधर दो दिन से नेपाल में हो रही बरसात के चलते अब जाकर नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ना शुरू हुआ है। बृहस्पतिवार की शाम चार बजे वाल्मीकिनगर बैराज से नदी में 86000 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। शुक्रवार की सुबह आठ बजे डिस्चार्ज बढ़कर 95200 क्यूसेक हो गया। दोपहर 12 बजे डिस्चार्ज 1.14 लाख और दो बजे 1.21 लाख तक पहुंच गया। डिस्चार्ज बढ़ने से छितौनी बांध के भैंसहा गेजस्थल पर जलस्तर 95.00 मीटर (वार्निंग लेवल) तक पहुंच गया। हालांकि, नदी अभी यहां खतरा बिंदु (96) से काफी नीचे है। परंतु जलस्तर बढ़ने पर नदी के किनारे बसे गांव मरचहवा, बसंतपुर, शिवपुर, नरायनपुर, हरिहरपुर, शाहपुर आदि गांवों पर बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें