हाटा। हाटा कोतवाली क्षेत्र के भिस्वा बाजार गांव में गुरुवार शाम छुट्टा पशुओं के हमले में एक किसान की मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। खेत में फसल बचाने की कोशिश दोनों किसानों पर भारी पड़ गई। ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से छुट्टा पशुओं का आतंक है, लेकिन शिकायतों के बावजूद ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
गांव निवासी मल्लू प्रजापति (45) और मिट्ठू यादव (62) शाम करीब चार बजे खेत में काम कर रहे थे। इसी दौरान करीब 20 से अधिक छुट्टा पशुओं का झुंड खेत में घुस आया और फसल को नुकसान पहुंचाने लगा। दोनों किसानों ने पशुओं को भगाने का प्रयास किया, लेकिन झुंड ने उन पर हमला कर दिया। हमले में दोनों किसान लहूलुहान होकर खेत में गिर पड़े।
शोर सुनकर ग्रामीण लाठी-डंडा लेकर मौके पर पहुंचे और किसी तरह पशुओं को खदेड़ा। इसके बाद घायलों को एंबुलेंस से सीएचसी पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने मल्लू प्रजापति को मृत घोषित कर दिया। गंभीर रूप से घायल मिट्ठू को प्राथमिक उपचार के बाद बीआरडी मेडिकल कॉलेज, गोरखपुर रेफर कर दिया गया।
गांव में दहशत, लोगों में आक्रोश : घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि इलाके में लंबे समय से छुट्टा पशुओं का आतंक है। कई बार शिकायत की गई, लेकिन समस्या जस की तस बनी रही। किसानों का कहना है कि अब स्थिति ऐसी हो गई है कि फसल बचाने के साथ अपनी जान बचाना भी चुनौती बन गया है।
घटना की सूचना मिलते ही हाटा कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम की कार्रवाई शुरू की।
मृतक मल्लू प्रजाति। साढ़ के हमले से गंभीर रूप से घायल होने के चलते हो गई थी मौत
मृतक मल्लू प्रजाति। साढ़ के हमले से गंभीर रूप से घायल होने के चलते हो गई थी मौत
मृतक मल्लू प्रजाति। साढ़ के हमले से गंभीर रूप से घायल होने के चलते हो गई थी मौत