बीमारी का बहाना बनाकर मांगते हैं रुपये
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। ऑनलाइन एप व आर्मी के नाम पर रेस्टोरेंट संचालकों से ठगी करने वाले जालसाज अब फेसबुक आईडी हैक कर उनके परिचितों को बीमारी का मैसेज भेजकर ठगी का जाल बिछा रहे हैं। उनसे 15 से 20 रुपये की मांग कर रहे हैं। इसलिए बिना सोचे-समझे और जानकारी लिए मैसेज के आधार पर किसी के बैंक खाते में रुपये जमा न कराएं। पुलिस कार्यालय में बीते चार महीनों में ऐसे 100 से अधिक मामले आ चुके हैं। पुलिस ने इन मामलों का पर्दाफाश करने के लिए टीम लगाई है। कुशीनगर में ऑनलाइन ठगी का काम इस समय चरम पर है। ऐसे में पैसा ट्रांसफर करने से पहले फोन पर बात जरूर कर लें, नहीं तो आप साइबर अपराधियों के शिकार हो सकते हैं। जालसाज एक मेसेज भेजकर फेसबुक को हैक कर लेते हैं। हैक करने के बाद उससे हैकर मैसेज भेजते हैं। इसमें खुद को किसी मुसीबत में घिरा बताते हैं। राशि किसी बैंक खाते में डालने की बात कहते हैं। लोगों को डीपी और नाम देखकर ऐसा लगता है सच में उनका दोस्त किसी मुसीबत में है और कई लोग बिना जांच के जालसाज के खाते में रुपये जमा कर देते हैं। हैकर खाते से राशि निकलवाकर आसानी से ठगी कर लेते हैं।
बचने के लिए यह करें
साइबर प्रभारी मनोज पंत ने बताया कि अपने फेसबुक अकाउंट का समय-समय पर पासवर्ड बदलते रहें।
पासवर्ड ऐसा ना रखें जो आपके मोबाइल नंबर या डिजिट में हो।
मोबाइल नंबर, फ्रेंड्स लिस्ट और पर्सनल जानकारी को हिडन करें।
किसी भी तरह की निजी जानकारी किसी के साथ भी साझा न करें।
बीमारी-दुर्घटना का बहाना
ठग मैसेज में बीमारी या सड़क हादसे का बहाना कर खाते में पैसे जमा करवाते हैं। यह रकम यूपीआई से ट्रांसफर होने पर वापस मिलना मुश्किल रहता है।
नाम और मोबाइल नंबर पासवर्ड होने से हैक करना आसान
पुलिस मुख्यालय की ओर से कई बार अपील की जा चुकी है कि सोशल मीडिया पर बनाई आईडी का पासवर्ड अपने नाम, अपने मोबाइल नंबर, सरनेम या जन्म तारीख पर न रखें। इस तरह के पासवर्ड हैकर आसानी से पता लगाकर आईडी हैक कर लेते हैं।
केस एक पडरौना के रामकोला रोड निवासी रोशन सिंह ने बताया कि वह अपनी दुकान पर थे। इसी बीच उनके एक परिचित का फोन आया। उसने बताया कि तुम्हारे फेसबुक से 15,000 रुपये पैसा मांगा जा रहा है। यह सुनकर वह दंग रह गए। प्रमाण के लिए उसके स्किन शॉट मांग लिया। इसकी सूचना उसने फेसबुक पोस्ट पर डाली। इसके बाद से कई लोगों के कमेंट आने शुरू हो गए कि पैसे मांगे गए थे।
केस दो हाटा कोतवाली क्षेत्र के राजेश ने बताया कि वह कसया किसी काम से जा रहे थे। इसी बीच उनके मित्र राहुल ने फोन करके बताया कि किसकी तबीयत खराब है। फेसबुक के माध्यम से 20,000 रुपये क्यों मांग रहे हो। यह सुनकर वह दंग रह गए। उन्होंने अपने मित्र से बताया कि फेसबुक खोले कई महीने हो गए।
केस तीन कसया कस्बा स्थित अजय ने बताया कि उनके फेसबुक से उनके मित्र चंदन के पास मैसेज गया कि घर पर उनकी मां की तबीयत खराब है। वह अस्पताल में भर्ती है। फोन पे या गूगल पे का नंबर देते हुए 15,000 रुपये की मांग की। इसमें चंदन ने दो हजार रुपये भेजकर वीडियो कॉल किया तो फर्जीवाड़ा का पता चला। उन्होंने अपने मित्र अजय के पास फोन किया। नंबर बंद बताने पर उनके बड़े भाई को इसकी सूचना दी।
केस चार
तिलक चौक निवासी निखिल ने बताया कि उनका फेसबुक 20 मई को हैक हो गया। उनके परिचितों से बातचीत के दौरान समस्या दिखाते हुए 15,000 से 20,000 रुपये तक मांगने लगे। जानकारी होते ही वह सबसे पहले उन्होंने हैक की सूचना पोस्ट की। फेसबुक लॉक कर पुलिस से शिकायत की।
कोट
साइबर ठग फेसबुक की फर्जी आईडी बनाकर पैसे मांगते हैं। इन लोगों को पकड़ने के लिए काम चल रहा है। साइबर अपराध रोकने के लिए लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
मनोज पंत, साइबर सेल प्रभारी कुशीनगर