बांसी नदी का नक्शा देखते टीम के सदस्य। स्रोत-सोशल मीडिया
मंसाछापर। विशुनपुरा ब्लॉक क्षेत्र से गुजरी बांसी नदी के पुनरुद्धार की कवायद तेज हो गई है। रविवार को लखनऊ से आए डॉ. उमर सैफ, साइंटिफिक एडवाइजर, जिला गंगा समिति ने बांसी नदी का निरीक्षण किया।
उन्होंने मौके पर ही पानी का बायोकेमिकल ऑक्सीजन डिमांड जांचने के लिए निर्देश दिया। साथ ही नदी से जुड़ी 12 ग्राम पंचायतों के ग्राम प्रधानों व सचिवों के साथ सोमवार को बैठक कर जल्द से जल्द सफाई अभियान की रूपरेखा तैयार करने पर जोर दिया।
डीएम ने भी बांसी नदी के जीर्णोद्धार के लिए अपनी कार्रवाई तेज कर दिया है। डीएम 16 सितंबर को बांसी नदी के जीर्णोद्धार को लेकर बैठक करेंगे। इसके पहले बाढ़ खंड, सिंचाई और ग्राम पंचायत की तरफ से बांसी नदी के विकास के लिए क्या तैयारियां हैं। इसके लिए लगातार बैठक और निरीक्षण हो रहा है।
उधर, बाढ़ खंड विभाग की टीम ने भी बांसी नदी के विभिन्न हिस्सों का निरीक्षण कर रिपोर्ट तैयार की। वहीं खड्डा ब्लॉक में भी बांसी नदी से सटे तीन गांवों के समीप स्थलीय सर्वे हुआ। प्रशासनिक स्तर पर हुई इस पहल से ग्रामीणों में उम्मीद जगी है कि वर्षों से उपेक्षित बांसी नदी का फिर से कायाकल्प होगा।