हाटा में सीएचसी का निरीक्षण करते एसडीएम योगेश्वर सिंह। संवाद
पडरौना। जिलाधिकारी के निर्देश पर सभी एसडीएम ने अपने-अपने क्षेत्रों में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों के साथ मेडिकल कॉलेज और पुरूष व महिला जिला अस्पतालों का औचक निरीक्षण किया। स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की जांच की। इसमें स्वास्थ्य विभाग की हकीकत सामने आ गई। कहीं मशीन खराब मिली तो कहीं कर्मचारी ही गायब रहे। अस्पताल परिसर में गंदगी देख अधिकारियों ने नाराजगी व्यक्त की है। मेडिकल कॉलेज में ओपीडी तो संचालित हो रही थी, लेकिन वहां एक भी चिकित्सक मौजूद नहीं मिले। मेडिकल कॉलेज के दवा काउंटर पर दवाएं नहीं मिली।
एक मरीज ने बताया कि पर्चे पर लिखी पांच दवाओं में से तीन दवाएं मेडिकल कॉलेज में मिल गईं, जबकि दो दवाओं के लिए बाहर भेज दिया गया। ऑपरेशन थियेटर( ओटी) के ओटीआर मशीन पर चिकित्सकों के कपड़े रखे मिले। जबकि ओटी लाइट खराब थी। एसडीएम वैभव मिश्रा ने मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण किया। पडरौना एसडीएम रिषभ केसराज पुंडिक ने मंगलवार को पुरुष व नेत्र चिकित्सालय व महिला चिकित्सालय में स्वास्थ्य व्यवस्था का जायजा लिया। अस्पताल परिसर में स्वच्छता का अभाव देख उन्होंने साफ सफाई बेहतर बनाए रखने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि शासन के मंशा के अनुसार स्वास्थ्य सेवा मुहैया कराएं। कप्तानगंज प्रतिनिधि के अनुसार एसडीएम विनोद कुमार गुप्ता ने मंगलवार को सुबह आठ बजे स्थानीय सीएचसी का औचक निरीक्षण किया। इसमें डाक्टर सहित 22 कर्मचारी अनुपस्थित मिले। सभी के खिलाफ डीएम को रिपोर्ट भेज दिया है। उपस्थिति रजिस्टर में डाक्टर रेनू मिश्रा सहित 12 कर्मचारी और संविदा के 10 कर्मचारी गैरहाजिर थे। एसडीएम ने बताया कि 22 कर्मचारियों की रिपोर्ट डीएम को भेज दिया गया है। कसया प्रतिनिधि के अनुसार एसडीएम कसया डॉ संतराज सिंह बघेल ने सीएचसी कसया का निरीक्षण किया। डाॅ. जलज कुमार गुप्ता, जनरल सर्जन अनुपस्थित मिले। इस संबंध में अधीक्षक ने बताया कि उनके द्वारा न तो छुट्टी ली गई है और न ही हमारे पास किसी तरह की सूचना है। अस्पताल में कुल 30 स्थाई कर्मचारी है। जिसमें अरुण भारती, राजकुमार, रामायण प्रसाद, हरवंश कुमार गुप्ता अनुपस्थित रहे। 32 संविदा कर्मियों में वंदना कुशवाहा आयुष्मान कार्ड, प्रवीण कुमार पुरुष स्टाफ नर्स, अमृता भारती स्टाफ नर्स अनुपस्थित मिले। अस्पताल में जहां 190 दवाओं का मानक है। उसमें 171 उपलब्ध मिलीं। एक्स-रे मशीन 22 वर्ष पुरानी लगी मिली। डिजिटल एक्सरे मशीन नहीं है। तमकुहीराज प्रतिनिधि के अनुसार एसडीएम आकांक्षा मिश्रा ने दोपहर एक बजे सीएचसी का निरीक्षण किया। इस दाैरान सीएचसी में तैनात लिपिक बिना सूचना के चार दिन से अनुपस्थित मिला। वहीं एक मरीज बाहर से अल्ट्रासॉउन्ड करा रिपोर्ट लेकर इलाज के सीएचसी पहुंचा था। एसडीएम ने सम्बंधित अल्ट्रासॉउन्ड केंद्र के रजिस्ट्रेशन आदि के जांच का निर्देश दिया। फाजिलनगर प्रतिनिधि के अनुसार तहसीलदार कसया धर्मवीर सिंह ने स्थानीय सीएचसी का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण में डाक्टर सहित कुल 14 स्वास्थ्य कर्मी अनुपस्थित मिले। उपस्थिति पंजिका में 14 कर्मी अनुपस्थित मिले। मथौली प्रतिनिधि के अनुसार स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का सोमवार को 7:55 बजे उपजिलाधिकारी (एसडीएम) आशुतोष ने औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकांश डॉक्टर और कर्मचारी अनुपस्थित मिले। कुछ डॉक्टर व कर्मचारी थोड़ी देर बाद पहुंचे और देरी से आने का कारण एसडीएम को बताया। रामकोला प्रतिनिधि के अनुसार रामकोला सीएससी पर मंगलवार को आठ बजे नायब तहसीलदार कप्तानगंज एकता त्रिपाठी ने पहले सीएससी पर उपस्थित कर्मचारियों का उपस्थिति पंजिका देखा। डॉक्टर, कर्मचारी उपस्थित नहीं मिले।