गोड़रिया/पडरौना। जमीन के विवाद में चले ईंट-पत्थर से चोट लगने के कारण हुई बुजुर्ग महिला की मौत के मामले में रविवार को परिजनों ने सड़क जाम किया। मामले में बहू की तहरीर पर पुलिस ने चार लोगों पर केस दर्ज कर लिया था, लेकिन पोस्टमार्टम के बाद शनिवार की देर रात को शव घर आया। रविवार को सुबह परिजन शव का अंतिम संस्कार करने से मना कर दिए और शव रखकर सड़क जाम कर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। मौके पर आए इंस्पेक्टर को नाराज लोगों ने मांगपत्र सौंपा।
इसमें हलका दरोगा व तीन सिपाहियों पर कार्रवाई और 24 घंटे के अंदर आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की गई। इसके बाद नाराज लोगों ने जाम खत्म किया। पुलिस ने मुख्य आरोपी तूफानी यादव को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। विशुनपुरा थाना क्षेत्र के जंगल नौगावा निवासी तूफानी यादव और चंद्रिका गोड़ के बीच जमीन का विवाद चल रहा है। प्रशासन की ओर से चंद्रिका गोड़ को निर्माण कराने के लिए अनुमति दिया गया था। इस आधार पर शनिवार को वह दीवार का निर्माण करा रहे थे।
इस दौरान तूफानी पक्ष के लोग पहुंचे और विरोध करने लगे। इसको लेकर दोनों पक्षों के बीच मारपीट हो गई। इस दौरान तूफानी पक्ष की ओर से चलाए जा रहे ईंट-पत्थर खेत से चारा लेकर जा रही 60 वर्षीय सुरसती देवी के सीने पर चोट लग गई और मौत हो गई।
परिजन व गांव वाले हत्या करने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन करने लगे। काफी मशक्कत के बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लिया। पुलिस इस मामले में सुरसती की बहू की तहरीर पर तूफानी समेत चार लोगों पर गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज कर लिया है।
पोस्टमार्टम के बाद देर रात को शव घर आया और सुबह परिजन, गांव वालों की मदद से गांव के सामने शव सड़क पर रखकर जाम लगा दिए। इसके कारण गोरड़िया-नौगावा मार्ग पर करीब सुबह नौ से 10 बजे तक आवागमन ठप रहा। सड़क जाम की सूचना पर थानाध्यक्ष राजू सिंह पहुंचे। गांव वालों ने थानाध्यक्ष को ज्ञापन देकर कहा कि घटना के दोषी हलका दरोगा और तीन सिपाही हैं। इनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। इसके अलावा आरोपियों को गिरफ्तार किया जाए। थानाध्यक्ष ने इनकी मांगों को पूरा करने का आश्वासन दिया। इसके बाद शव का परिजन दाह संस्कार किए। थानाध्यक्ष राजू सिंह ने बताया कि मुख्य आरोपी तूफानी यादव को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया। बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।