उजारनाथ। क्षेत्र के पगरा बसंतपुर गांव स्थित ब्रह्मस्थान परिसर में चल रही नौ दिवसीय श्रीराम कथा के आठवें दिन शुक्रवार की रात कथावाचक ने श्रीराम-सीता विवाह की कथा सुनाई। कथा के दौरान आयोजकों ने श्रीराम और सीता की झांकी प्रस्तुत की।
कथा वाचक सत्यमणि त्रिपाठी ने कहा कि बिना कर्म किए फल की प्राप्ति नहीं होती है। मानव जन्म में प्रत्येक व्यक्ति को कर्म करना ही पड़ता है। व्यक्ति जिस प्रकार कर्म करता है, उसे उसी के अनुसार फल मिलता है। इसके बाद उन्होंने सीता-राम के विवाह की कथा विस्तार से सुनाई।
इस दौरान राजकिशोर गोंड़, ओमप्रकाश, नारायण महातम, रम्भा देवी, सीमा देवी, कलावती देवी, सुष्मिता कुमारी, सरोज देवी, गुड्डू आदि मौजूद रहे। संवाद