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अमर उजाला ब्यूरो
पडरौना। तुर्कपट्टी थाना क्षेत्र के सोंदिया गांव में बीते शनिवार की रात में हुई 50 वर्षीय महिला की निर्मम हत्या के मामले का पर्दाफाश हो गया है। मायके में रह रही इस महिला को उसके सगे भाई ने ही तीन अन्य लोगों के साथ मिलकर मौत के घाट उतारा था। हत्या की इस घटना का कारण महिला के गलत आचरण से हो रही बेइज्जती बताया गया है। पुलिस ने मृत महिला के भाई व उसके दो मित्रों को जेल भेज दिया है, जबकि तीसरे की तलाश हो रही है।
बृहस्पतिवार को पुलिस लाइन में इस मामले की जानकारी देते हुए एसपी यमुना प्रसाद व एएसपी हरि गोविंद ने बताया कि सोंदिया गांव की रहने वाली 50 वर्षीया विद्यावती की शादी इसी थाना क्षेत्र के रुदवलिया गांव में हुई थी। परंतु आचरण ठीक नहीं होने के चलते पति कनारसी चौहान से उसकी अनबन रहती थी। करीब सात साल पहले पति ने उसे घर से निकाल दिया तो वह मायके सोंदिया आकर भाई रामायन चौहान के घर रहने लगी।
कुछ दिन भाई से भी चाल चलन को लेकर ही विवाद हो गया। इसके बाद विद्यावती ने गांव से बाहर कुरमौटा-शिवपुर मार्ग पर झोपड़ी डाल लिया। 17 सितम्बर 2015 को गांव के लोगों ने इसकी झोपड़ी उजाड़ दी थी। आरोप था कि इस झोपड़ी से अवैध कारोबार संचालित हो रहा है। इसके बाद विद्यावती ने गांव के प्रधान समेत 39 लोगों के खिलाफ तुर्कपट्टी थाने में केस दर्ज कर दिया था। तब से इस महिला का मायके के तमाम लोगों से विवाद चल रहा था। एसपी के अनुसार विद्यावती के आचरण की शिकायत अक्सर लोग उसके भाई रामायन से करते थे।
गांव व घर की हो रही बदनामी से नाराज रामायन ने इसी गांव के तीन मित्रों शम्भू चौहान, सुनील चौहान और पट्टू चौहान के साथ मिलकर बीते शनिवार की रात में विद्यावती की मार पीटकर हत्या कर दी। मामले की विवेचना कर रहे तुर्कपट्टी एसओ नीरज शाही ने बृहस्पतिवार की सुबह महासोन खरदर पुल से रामायन, शम्भू और सुनील को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए तीनों को जेल भेज दिया गया। चौथे अभियुक्त पट्टू की तलाश की जा रही है।