कप्तानगंज। तहसील से जुडे़ अधिवक्ताओं ने एसडीएम और तहसीलदार को हटाने के लिए तीसरे दिन बृहस्पतिवार को भी न्यायिक कार्य का बहिष्कार करने के बाद मुख्य गेट पर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। अधिवक्ताओं के आंदोलन के कारण तहसील पहुंचने वाले वादकारियों और अन्य लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
अधिवक्ता संघ के महामंत्री हीरा पांडेय की अगुवाई में अधिवक्ताओं ने एसडीएम सचिन सिंह और तहसीलदार वीएन सिंह को हटाने की मांग को लेकर बृहस्पतिवार को भी न्यायिक कार्य का बहिष्कार किया। अधिवक्ताओं ने अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी कर तहसील के मुख्य गेट पर प्रदर्शन भी किया।
अधिवक्ताओं नेे चेतावनी दी कि एसडीएम और तहसीलदार को यहां से हटाए जाने तक बहिष्कार कर प्रदर्शन का सिलसिला जारी रहेगा। इसके बाद भी मांगें नहीं माने जाने पर अधिवक्ताओं ने आंदोलन को विस्तार देने की चेतावनी भी दी। प्रदर्शन में शामिल कुछ वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने एसडीएम और तहसीलदार पर समय से कार्यालय नहीं आने का आरोप भी लगाया।
अधिवक्ता रामप्रताप सिंह ने कहा जब से नई तहसील बनी है, तब से मुकदमे लंबित हैं और निस्तारण शून्य है। अधिवक्ताओं के आंदोलन को भाजपा नेता रामानंद बौद्ध और जयप्रकाश उपाध्याय, हरेराम गुप्ता, राधेश्याम दीक्षित ने भी समर्थन दिया है। प्रदर्शन में ओमप्रकाश पांडेय, अधिवक्ता संघ के तहसील अध्यक्ष मिर्जा एक्तेदार हुसैन, तेज बहादुर मिश्र, अरुण सिंह, विनोद मिश्र, संजय पांडेय, परमहंस कुमार, राजनंदन लाल श्रीवास्तव, हरिश्चंद, दीनानाथ शर्मा, ज्ञानप्रकाश पांडेय, जयप्रकाश, दिलीप सिंह, धर्मेन्द्र पति पांडेय, बलवंत सिंह आदि शामिल रहे।