कप्तानगंज। मूर्ति विसर्जन में व्यवधान डालने से नाराज लक्ष्मी पूजा समिति के सदस्यों ने शुक्रवार की शाम बोदरवार में कप्तानगंज-गोरखपुर मार्ग को जाम कर दिया।
वे कप्तानगंज एसओ पर मूर्ति विसर्जन करके लौट रही ट्रैक्टर-ट्रॉली को साउंड सिस्टम सहित थाने भेज देने और एक अन्य समिति के सदस्यों का साउंड सिस्टम हटा देने का आरोप लगा रहे थे। इस दरम्यान एक एसआई और कुछ लोगों के बीच मारपीट की भी बात कही जा रही है।
सूचना मिलने पर सीओ कसया देर शाम तक बोदरवार पहुंचे। सीओ ने ट्रैक्टर-ट्रॉली और साउंड सिस्टम छोड़ने और सड़क जाम करने वालों के विरुद्ध बिना कार्रवाई किए शांतिपूर्ण ढंग से मूर्तियां विसर्जित कराने का आश्वासन दिया।
उनके निर्देेश पर एसओ ने बाजार में एनाउंस भी कराया। तब जाकर लक्ष्मी पूजा समिति के सदस्यों ने जाम समाप्त किया, लेकिन मूर्तियां रोके रहे। इस वजह से करीब दो घंटे तक आवागमन बाधित रहा।
बताया जा रहा है कि बोदरवार की एक लक्ष्मी पूजा समिति के सदस्य सखवातार पुल से मूर्ति विसर्जन करके लौट रहे थे। उनका आरोप था कि शाम को बाजार में पहुंचने पर कप्तानगंज एसओ ने वाहन रोक लिया।
वे साउंड सिस्टम सहित ट्रैक्टर-ट्रॉली को थाने भेज दिए। इसके बाद वह बोदरवार बाजार में पहुंचे, जहां एक अन्य जगह की मूर्तियां विसर्जन के लिए ले जाने की तैयारी चल रही थी। आरोप था कि एसओ ने वहां भी साउंड सिस्टम का तार तोड़ दिया और जेनरेटर भी बंद कर दिया।
एसओ के इस बर्ताव से लक्ष्मी पूजा समिति के सदस्य नाराज हो गए और कप्तानगंज-गोरखपुर मार्ग को जाम कर दिया। इसकी सूचना मिलने पर सीओ कसया शाम को सात बजे मौके पर पहुंचे। उन्होंने आश्वासन दिया कि वाहन पर डीजे साउंड अपनी इच्छानुसार आवाज में बजाते हुए मूर्ति विसर्जन कर सकते हैं।
प्रदर्शन करने वालों के विरुद्ध कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी, वे शांतिपूर्वक मूर्ति विसर्जित कर लें। साउंड सिस्टम और ट्रैक्टर-ट्रॉली छोड़ दी जाएगी। एसओ ने भी बाजार में एनाउंस करा दिया। उसके बाद लोगों ने जाम समाप्त कर दिया। एसओ कप्तानगंज मूर्ति विसर्जन के लिए रात आठ बजे तक समिति के सदस्यों से मनुहार कर रहे थे।