संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। फाजिलनगर सीएचसी परिसर में खड़ी एंबुलेंस का रविवार को सीएमओ ने निरीक्षण किया। उन्होंने एंबुलेंस के रख-रखाव और उसकी उपलब्धता समेत अन्य विभिन्न बिंदुओं की जांच कर संबंधित को निर्देश दिए। क्षेत्र के बलुआ शमशेर शाही निवासी मोहन शर्मा के 17 वर्षीय पुत्र बबलू की बीते बुधवार को सरकारी एंबुलेंस में मृत्यु हो गई थी। इससे संबंधित 48 व 37 सेकेंड के दो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए थे।
इसमें आरोप लगाया गया था कि एक एंबुलेंस के खराब होने और दूसरी एंबुलेंस के आने में देरी होने के चलते बबलू की मौत हो गई है। इस खबर को अमर उजाला ने रविवार चार जून के अंक में प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इसको संज्ञान लेकर सीएमओ डॉ. सुरेश पटारिया ने अस्पताल परिसर में मौजूद डायल 108 नंबर की सरकारी एंबुलेंस व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि त्वरित व बेहतरीन स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराना शासन की मंशा है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।
इस दौरान सीएचसी अधीक्षक डॉ. यूएस नायक, डॉ. अखिलेश कुमार, डॉ. साजिद हुसैन, रूपेश चांद, एनके सिंह, सत्यप्रकाश, प्रशांत कुमार, राकेश चंद्र, संतोष आदि मौजूद रहे।