पटहेरवा थाना क्षेत्र के अहलादपुर गांव में पहुंची सीबीआई टीम
परवेज का पासबुक और पत्नी रुबीना का मोबाइल फोन साथ ले गई सीबीआई
फोटो है।
- रुबीना के मोबाइल से सीबीआई ने दुबई फोन कर की बात
- यूनियन बैंक के दो कर्मचारियों को सीबीआई बनाई है गवाह
संवाद न्यूज एजेंसी
कुशीनगर/पटहेरवा। दुबई में काम करने वाले कुशीनगर के अहलादपुर निवासी परवेज आलम से सीबीआई की टीम ने फोन पर बात की। टीम ने परवेज और उसकी पत्नी रुबीना का बैंक पासबुक रख लिया। टीम रुबीना का मोबाइल और सिमकार्ड भी अपने साथ ले गई। सीबीआई ने यूनियन बैंक के दो कर्मचारियों को इस मामले में गवाह बनाया है।
मंगलवार को सुबह सीबीआई की टीम परवेज के घर पहुंची। परवेज आलम करीब 13 साल से दुबई की किसी कंपनी में काम करता है। डेढ़ साल पूर्व घर आया था और कुछ दिनों बाद पुन: दुबई चला गया। सीबीआई टीम का नेतृत्व कर रहे इंस्पेक्टर संजीव चंदर के साथ पांच सदस्यीय टीम आई थी। टीम के सदस्यों ने अपना परिचय दिया और फिर परवेज के घर में दाखिल हुए। उसके बारे में विस्तार से पूछताछ की। सर्च वारंट के आधार पर आठ घंटे तक परिवार के सदस्यों से मकान के अंदर पूछताछ की।
सीबीआई टीम में शामिल सदस्यों ने परवेज के घरवालों को बताया कि परवेज दूसरे देश की मिलीभगत से ऑनलाइन फ्राॅड करने में शामिल है। करीब 10 बजे तक परिवार के सदस्यों से बारी-बारी टीम ने पूछताछ की। इसके बाद परवेज की पत्नी रुबीना खातून और भाई फैसल को लेकर सीबीआई पीएनबी की पटहेरवा शाखा पर पहुंची, जहां से रुबीना खातून के बैंक अकाउंट का स्टेटमेंट लिया। उसके बाद सीबीआई उन्हें लेकर यूनियन बैंक की कसया और हाटा क्षेत्र के झांगा शाखा पर पहुंची। वहां से परवेज के बैंक अकाउंट का स्टेटमेंट लेने के बाद टीम फाजिलनगर के एक सर्राफ की दुकान पर पहुंची, जहां पूछताछ में रुबीना ने जेवर बंधक रखने की बात बताई थी। सर्राफ से करीब आधे घंटे तक पूछताछ के बाद सीबीआई परवेज के घर पहुंची। मकान के अंदर करीब तीन बजे तक टीम रही। इस दौरान परिवार के सभी सदस्यों का आधार कार्ड, पैन कार्ड, परिवार रजिस्टर की नकल, जमीन से जुड़े कागजात को देखा और उसका मोबाइल में फोटो लिया। रुबीना के मोबाइल से सीबीआई की टीम के एक सदस्य ने परवेज आलम से दुबई में बात की। इस दौरान जरूरत पड़ने पर दिल्ली आने को कहा। परवेज से करीब छह मिनट तक बात हुई। पुलिस रुबीना का मोबाइल, बैंक पासबुक और परवेज का बैंक पासबुक लेकर साथ गई।