पडरौना। परिवहन निगम की तरफ से बिना बिना व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम (वीटीएस) इंस्टाल किए बस के संचालन पर रोक लगा दी गई है। परिवहन निगम अब डिवाइस लगाकर ही बसों का हैंडओवर लेगा। यही नहीं, जिन अनुबंधित बसों का अनुबंध पूरा हो जाएगा, बिना व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम इंस्टाल किए उसका नवीनीकरण भी नहीं किया जाएगा।
सुरक्षा और निगरानी के कड़े नियमों के तहत, बिना व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस और पैनिक बटन के बसों के संचालन पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। परिवहन विभाग की तरफ से इन उपकरणों के बिना बसों का न तो फिटनेस सर्टिफिकेट जारी होगा और न ही परमिट का नवीनीकरण किया जाएगा।
यात्री सुरक्षा (विशेषकर महिलाओं और बच्चों की) सुनिश्चित करने के लिए सभी कॉमर्शियल बसों और सार्वजनिक वाहनों में एआईएस -140 प्रमाणित व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस और आपातकालीन पैनिक बटन लगाना अनिवार्य है।
यदि किसी बस में डिवाइस नहीं पाई जाती है, काम नहीं कर रही है, या कंट्रोल रूम को उसकी लाइव लोकेशन नहीं मिल रही है, तो उसका परमिट और फिटनेस सर्टिफिकेट तुरंत रद्द कर दिया जाएगा। सभी वाहनों के लिए उत्तर प्रदेश परिवहन विभाग या वाहन पोर्टल के डाटाबेस से जुड़ना अनिवार्य है। पडरौना डिपो के एआरएम जयप्रकाश प्रधान ने बताया कि बिना व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम इंस्टाल किए बस के संचालन पर परिवहन विभाग की तरफ से रोक लगा दी गई है। इसको देखते हुए अब बिना व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम इंस्टाल किए नई बसों को हैंडओवर नहीं लिया जाएगा। वहीं इसके बिना अनुबंधित बसों की वैधता तिथि भी नहीं बढ़ाई जाएगी। इसके लिए सभी बस मालिकों को अवगत करा दिया गया है।